RBSE Anudeshika 2020 Revised | राजस्थान बोर्ड अनुदेशिका 2020 पूर्ण संशोधित संस्करण

📅 बुधवार, 5 नवंबर 2025 📖 3-5 min read

अनुदेशिका —2020 I

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान, अजमेर

अनुदेशिका–2020

मान्यता प्राप्त शालाओं के प्रधानों के लिये

(राजस्थान माध्यमिक शिक्षा अधिनियम, 1957 के तहत बने
राजस्थान माध्यमिक शिक्षा विनियम–1957 के अध्याय–16
विनियम–21 के अन्तर्गत 2020 तक संशोधित अनुदेशिका)

बोर्ड के कार्यक्षेत्र और कार्यक्षेत्र के बाहर के छात्र/छात्राओं से सम्बन्धित मान्यता प्राप्त शालाओं में प्रवेश, अन्य बोर्डों की परीक्षाओं से समकक्षता, पात्रता प्रमाण-पत्र विषय/वर्ग परिवर्तन, स्वाध्ययन, नाम/पिता के नाम/माता के नाम/जन्मतिथि में संशोधन, प्रमाण पत्र वितरण एवं बोर्ड के विभिन्न प्रलेखों की प्रतियां जारी करने के सम्बन्ध में बोर्ड नियम

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान, अजमेर

परीक्षा–द्वितीय अनुभाग

अनुदेशिका –2020 II

महत्त्वपूर्ण सूचना

छात्र/छात्राओं के लिये सूचनार्थ लेख हैं कि बोर्ड बैठक दिनांक 24, 25 सितम्बर 04 के प्रस्ताव संख्या 3 की स्वीकृति की अनुपालना में सूचित किया जाता है कि बोर्ड परीक्षा वर्ष अनुसार प्रतिवर्ष पूरक परीक्षा के परिणामों की अंतिम घोषणा की दिनांक को आधार मानते हुए कार्यालय में विगत 40 वर्षों की परीक्षाओं की सारणी रजिस्टर (Tabulation Register) ही सुरक्षित रखे जायेंगे तथा इस अवधि के लिये ही परीक्षार्थियों को कार्यालय द्वारा प्रतिलिपि प्रलेख जारी किये जायेंगे। इससे पूर्व के वर्षों के सारणी रजिस्टर (Tabulation Register) प्रतिवर्ष क्रमश: नष्ट कर दिये जायेंगे तथा नष्ट किये गये सारणी रजिस्टर के प्रतिलिपि प्रलेख व अन्य जानकारी कार्यालय द्वारा उपलब्ध नहीं करवाई जायेगी।

नोट :– बोर्ड कार्यालय द्वारा उक्त क्रम में वर्ष 1970 एवं इससे पूर्व की समस्त सारणी रजिस्टर (Tabulation Register) नष्ट किये जा चुके है अतः इस वर्ष से पूर्व से सम्बन्धित किसी भी रिकॉर्ड की प्रतिलिपि/दस्तावेज/ जन्मतिथि सत्यापन बोर्ड द्वारा नहीं किये जायेंगे।

अनुदेशिका –2020 III

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान

बोर्ड द्वारा मान्यता प्राप्त समस्त माध्यमिक/उच्च माध्यमिक
एवं संस्कृत विद्यालयों के प्रधानों को

बोर्ड द्वारा छात्रों के प्रवेश, विषय/वर्ग परिवर्तन, विषय के स्वाध्ययन, जन्मतिथि, विद्यार्थी का नाम/पिता का नाम/माता का नाम में संशोधन/वर्तनी सुधार एवं प्रमाण-पत्र आदि के सम्बन्ध में नियम/निर्देश शालाओं के सूचनार्थ समय-समय पर भेजे जाते हैं, इसके उपरांत भी कतिपय शाला प्रधान/अधिभावक अनेक मामलों में नियम एवं निर्देशों के विपरीत कार्यवाही करते हैं जिससे विभन्न परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है। ऐसी परिस्थिति उत्पन्न न हो, इस हेतु निवेदन है कि आप इन नियमों का स्वयं अवलोकन करें और इसके अनुसार सम्बन्धित मामलों में कार्यवाही करें।

शाला प्रधान/विद्यार्थियों को चाहिये कि माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा के आवेदन पत्रों को अग्रेषित/पूर्ति करते समय उनमें अंकित प्रविष्टियों की शाला अभिलेखों से पुष्टि करें। जरा सी त्रुटि के कारण जन्मतिथि, विद्यार्थी एवं पिता/माता के नाम/उपनाम आदि में संशोधन के प्रकरण काफी संख्या में प्राप्त होते रहते हैं। इसी प्रकार अज्ञान/भूलवश गलत कोई नम्बर प्रविष्ट करने से पात्र विद्यार्थी छात्रवृत्ति/पुरस्कार से वंचित रह सकते हैं क्योंकि बोर्ड में परीक्षा आवेदन-पत्र में भरी जाति/वर्ग कोड सम्बन्धी सूचना में परिवर्तन का कोई प्रावधान नहीं है। अतः पुनः निवेदन है कि छात्रों के आवेदन पत्र बोर्ड कार्यालय में प्रेषित करने से पूर्व उनमें अंकित सभी प्रविष्टियों की शाला प्रधान अभिलेखों से भली–भांति सत्यापित कर लें जिससे बाद में पत्र–व्यवहार न करना पड़े और बोर्ड एवं विद्यार्थी को भी कठिनाई न हो।

1. बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त विद्यालयों में प्रवेश सम्बन्धी अनुदेश :–

बोर्ड से सम्बद्ध विद्यालय अथवा जिनकी सम्बद्धता बोर्ड द्वारा विचाराधीन है, को कक्षा – 9 , 10, 11 व 12 में प्रवेश देने से पूर्व शाला प्रधान निम्नांकित बिन्दुओं को दृष्टिगत रखें :–

✱ 1.1 कक्षा–9 में प्रवेश :– निम्नलिखित छात्र/छात्राओं को शाला की कक्षा–9 में प्रवेश दिया जा सकता है यदि उन्होंने –

(अ) इस बोर्ड के क्षेत्राधीन सम्बद्धता प्राप्त विद्यालयों में पढ़कर कक्षा–8 उत्तीर्ण कर ली हो अथवा कक्षा–9 में अनुत्तीर्ण रहे हो अथवा कक्षा–9 में अध्ययनरत् स्थानान्तरित विद्यार्थी हो।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 2 (Pages 3-6)

अनुदेशिका –2020 III

(ब) अन्य बोर्ड द्वारा माध्यमिक अथवा इसके समकक्ष 10 वर्षीय पाठ्यक्रम में संचालित परीक्षा की कक्षा– 8 उत्तीर्ण कर ली हो अथवा कक्षा–9 में अनुत्तीर्ण रहे हो अथवा कक्षा–9 में अध्ययनरत प्रवर्जित विद्यार्थी हो।

(स) बोर्ड की माध्यमिक/प्रवेशिका परीक्षा में वे अभ्यर्थी प्रवेश योग्य होंगे जिन्होंने किसी मान्यता प्राप्त विद्यालय में कक्षा 8 की परीक्षा नियमित अथवा वर्ष 2011 तक स्वयंपाठी के रूप में उत्तीर्ण/कक्षान्त/प्रोन्नत की हो तथा वर्ष 2011 के पश्चात् नियमित अथवा अनौपचारिक शिक्षा व्यवस्था के अन्तर्गत विभिन्न अभिकरणों से प्राप्त अकताॅलिका या प्रमाण पत्र या प्राप्ति पत्र के आधार पर उत्तीर्ण/कक्षान्त/प्रोन्नत /क्रमोन्नत की हो।

✱ 1.2 कक्षा–10 माध्यमिक तथा प्रवेशिका में प्रवेश :– निम्नलिखित छात्र/छात्राओं को शाला की कक्षा–10 में प्रवेश दिया जा सकता है यदि उन्होंने –

कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा/2010/सेल–8/716 दिनांक 07–07–10 परीक्षा समिति की बैठक दिनांक 13–05–10 के प्रस्ताव संख्या–1,2,3 एवं 6 की अनुशंसा पर बोर्ड बैठक दिनांक 10–06–10 की स्वीकृति अनुसार बोर्ड द्वारा आयोजित वर्ष 2011 की परीक्षा से नियमों में निम्नानुसार संशोधन/ प्रावधान किये गये है।

1. जो विद्यार्थी कक्षा–9 अनुत्तीर्ण हो एवं माध्यमिक परीक्षा में स्वयंपाठी परीक्षार्थी के रूप में प्रविष्ट होकर अनुत्तीर्ण रह है, उसे कक्षा–10 में नियमित प्रवेश दिया जा सकेगा।

2. कक्षा–9 से 12 तक नियमों में पुनः प्रवेश हेतु अधिकतम आयु सीमा में बन्धन को समाप्त कर दिया गया है।

3. उच्च माध्यमिक परीक्षा में स्वयंपाठी परीक्षार्थियों के रूप में अनुत्तीर्ण रहे परीक्षार्थियों को उच्च माध्यमिक परीक्षा में नियमित परीक्षार्थी के रूप में प्रवेश दिया जा सकेगा।

4. नियमित परीक्षार्थियों को परीक्षा में प्रविष्ट होने हेतु उपस्थिति में शाला प्रधान को प्रदत्त छूट 15 मीटिंग से बढ़ाकर 25 मीटिंग कर दी गई है। इसके अतिरिक्त अब कोई छूट बोर्ड स्तर पर नहीं दी जावेगी। शाला प्रधान कुल 25 मीटिंग तक की छूट अपने स्तर पर देकर इसकी पुष्टि बोर्ड से करायेंगे।

5. विमंदित (learning disability) परीक्षार्थियों को राजकीय मेडिकल कॉलेज स्तरीय चिकित्सालय में गठित मेडिकल बोर्ड की अनुशंसा पर परीक्षा हेतु अतिरिक्त समय/श्रुत लेखक दिया जाएगा।

अनुदेशिका –2020 IV

(अ) इस बोर्ड के क्षेत्राधीन सम्बद्धता प्राप्त विद्यालयों में पढ़कर कक्षा–9 उत्तीर्ण कर ली हो अथवा बोर्ड माध्यमिक परीक्षा में अनुत्तीर्ण रहे हो अथवा कक्षा–10 में अध्ययनरत स्थानान्तरित विद्यार्थी हो।

(ब) अन्य बोर्ड द्वारा माध्यमिक के समकक्ष 10 वर्षीय पाठ्यक्रम में संचालित परीक्षा की कक्षा– 9 उत्तीर्ण कर ली हों अथवा उस बोर्ड की माध्यमिक परीक्षा में अनुत्तीर्ण रहे हो अथवा कक्षा–10 में अध्ययनरत प्रवर्जित विद्यार्थी हो।

(स) माध्यमिक परीक्षा में नियमित रूप से प्रविष्ट हो, अनुत्तीर्ण रहने के पश्चात् अध्ययन छोड़ दिया हो अथवा जिन्हें बोर्ड ने किन्हीं कारणों से वंचित कर दिया हो और यदि वे विवर्जित अवधि के पश्चात् कक्षा–10 में पुनः प्रवेश लेना चाहे।

(द) स्वयंपाठी अभ्यर्थी के रूप में पूर्व वर्षों में इस बोर्ड की माध्यमिक परीक्षा में अधिक से अधिक दो विषयों में अनुत्तीर्ण रहे हो और इन विषयों में क्रम से कम 25 प्रतिशत अंक प्राप्त किये हो तथा कुल प्राप्तांको का योग 30 प्रतिशत या इससे अधिक हो।

✱ 1.3 उच्च माध्यमिक की कक्षा–11 में प्रवेश :– निम्नलिखित छात्र/छात्राओं को उस वर्ग और विषयों में प्रवेश दिया जा सकता हैं, जिनमें शाला मान्यता प्राप्त हो और जिन्होंने –

(अ) नियमित अथवा स्वयंपाठी रूप से इस बोर्ड की माध्यमिक परीक्षा/पूरक परीक्षा उत्तीर्ण की हो।

(ब) इस बोर्ड की प्रवेशिका परीक्षा अंग्रेजी विषय सहित उत्तीर्ण की हो।

(स) अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालय की माध्यमिक अथवा समान स्तर की मान्य परीक्षा अनु. 1.7 (ब) के अनुरूप उत्तीर्ण की हो और पात्रता प्रमाण-पत्र प्राप्त कर लिया हो।

व्याख्या:

अ) निम्नलिखित परिस्थितियों में पात्रता प्रमाण पत्र प्राप्त करना आवश्यक नहीं है :–

(i) माध्यमिक परीक्षा कक्षा–9 या 10 में प्रवेश हेतु।

(ii) माध्यमिक परीक्षा की किसी भी श्रेणी यथा सम्पूर्ण विषय, अतिरिक्त विषय आदि की परीक्षा हेतु।

परीक्षा समिति दिनांक 27–04–2013 के प्रस्ताव संख्या–7 एवं बोर्ड अधिवेशन दिनांक 06–06–2013 के निर्णयानुसार वर्ष 2013 की पूरक परीक्षा से पूरक परीक्षा योग्य घोषित परीक्षार्थियों को पूरक विषय में अर्जित किये गये प्राप्तांक जोड़कर परीक्षा परिणाम तैयार किया जायेगा। यह व्यवस्था बोर्ड की सैद्धान्तिक व प्रायोगिक दोनों परीक्षाओं के लिये लागू होगी

अनुदेशिका –2020 V

(iii) जिन छात्रों ने माध्यमिक परीक्षा इस बोर्ड से उत्तीर्ण की हों और ऐसे छात्र कक्षा–11 अथवा कक्षा–12 अन्य बोर्ड से अध्ययन कर पुनः इस बोर्ड की परीक्षा कक्षा–11 अथवा कक्षा–12 में प्रवेश लेते है तो बोर्ड के कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा/2010/सेल 8/716 दिनांक 07–07–10 पात्रता प्रमाण पत्र लेना आवश्यक नहीं है।

(iv) माध्यमिक परीक्षा के अतिरिक्त विषय की परीक्षा (श्रेणी 4) में सम्मिलित होना चाहते हैं।

(ब) निम्नलिखित परिस्थितियों में पात्रता प्रमाण पत्र लेना आवश्यक है–

संस्था प्रधान परीक्षार्थ आवेदन पत्र अग्रेषित करते समय पात्रता प्रमाण-पत्र संलग्न कराएं। स्वयंपाठी के रूप में प्रविष्ट होने वाले विद्यार्थी भी अपने परीक्षा आवेदन पत्र के साथ पात्रता प्रमाण पत्र संलग्न करेंगे–

(i) बोर्ड कार्य क्षेत्र से बाहर के ऐसे विद्यार्थी जिन्होंने माध्यमिक परीक्षा अथवा समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण कर कक्षा 11 में प्रवेश हेतु माध्यमिक शिक्षा बोर्ड राजस्थान अजमेर से सम्बद्ध विद्यालय में आवेदन किया।

(ii) अन्य बोर्ड से कक्षा 11 की गृह परीक्षा अथवा समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण ऐसे विद्यार्थी जो इस बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त विद्यालय की उच्च माध्यमिक परीक्षा कक्षा 12 में प्रवेश लेने आयें।

नियम/निर्देश के सम्बन्ध में शंका–समाधान हेतु कार्यालय से सम्पर्क करें।

कक्षा 11 में प्रवेश हेतु अन्य निर्देश –

(1) अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालयों से माध्यमिक परीक्षा उत्तीर्ण परीक्षार्थियों को कक्षा–11 में प्रवेश देने से पूर्व बोर्ड कार्यालय से पात्रता प्रमाण पत्र आवश्यक रूप से प्राप्त करने हेतु निर्देशित करें।

(2) पात्रता आवेदन पत्र अग्रेषित करने से पूर्व शाला प्रधान अपने स्तर पर पूर्णतया संतुष्ट हो।

(3) ऐसे योग्य छात्र/छात्राएं जो विदेश के हो और जिन्होंने पब्लिक परीक्षा उत्तीर्ण कर न केवल शिक्षण संस्था की कक्षा–10 परीक्षा ही उत्तीर्ण की हो, वे बोर्ड द्वारा मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कक्षा–11 में प्रवेश लेना चाहे तो इन मामलों को बोर्ड के नियमानुसार कार्यवाही करनी चाहिए।

(4) अन्य बोर्ड से माई डिसम्बर में कक्षा–10 उत्तीर्ण छात्रों को यदि शाला प्रधान द्वारा छात्र हित में परीक्षा समिति में कक्षा–11 में अस्थायी प्रवेश दे दिया गया है तो उन छात्रों द्वारा कक्षा–10 उत्तीर्ण होने पर शाला प्रधान के अनुशंसा पत्र के आधार पर, कक्षा–11 में प्रवेश हेतु कार्यालय स्तर पर शाला प्रलेख जांचोपरान्त सही पाये जाने पर ही पात्रता प्रमाण–पत्र जारी किया जा सकेगा।

✱ 1.4 उच्च माध्यमिक की कक्षा–12 में प्रवेश :– निम्नलिखित छात्र/छात्राओं को शाला में उस वर्ग और विषयों में प्रवेश दिया जा सकता हैं, जिसमें शाला मान्यता प्राप्त हो और जिन्होंने –

(अ) इस बोर्ड की माध्यमिक परीक्षा उत्तीर्ण कर सम्बद्धता प्राप्त विद्यालय से कक्षा–11 उत्तीर्ण कर लो हो।

(ब) अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालय की माध्यमिक अथवा समान स्तर की मान्य परीक्षा उत्तीर्ण कर बोर्ड की सम्बद्धता प्राप्त संस्थाओं में बोर्ड द्वारा जारी पात्रता प्रमाण पत्र के आधार पर प्रवेश लेकर कक्षा–11 उत्तीर्ण की हो।

अनुदेशिका –2020 VI

(स) अन्य बोर्ड के क्षेत्राधीन में विद्यालय से कक्षा–11 की गृह परीक्षा उस बोर्ड द्वारा निर्धारित विषयों में उत्तीर्ण की हो इस बोर्ड के क्षेत्राधिकार में कक्षा–12 में प्रवेश की पात्रता रखता हो।

(द) बोर्ड की सम्बद्धता प्राप्त संस्थाओं में कक्षा–11 में प्रवेश पात्रता होते हुए भी अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालयों के क्षेत्राधिकार में 10+2 योजनान्तर्गत विद्यालय से कक्षा–11 उत्तीर्ण की हो किन्तु ऐसे विद्यार्थियों को कक्षा–12 में प्रवेश देने से पूर्व बोर्ड कार्यालय से पात्रता प्रमाण पत्र लेना होगा।

नोट : 1. जो विद्यार्थी बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त विद्यालयों में कक्षा–11 में प्रवेश योग्य नहीं है वे कक्षा–12 में भी प्रवेश योग्य नहीं होंगे।

2. कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा–I/सेल–8/731 दिनांक 29–08–11 अनुसार वर्ष 2012 की परीक्षाओं में कक्षा–9 में उत्तीर्ण छात्र प्रवेशिका परीक्षा में एवं कक्षा–11 में उत्तीर्ण छात्र वरिष्ठ उपाध्याय परीक्षा में प्रवेश योग्य माना जावेगा। इसी प्रकार प्रवेशिका कक्षा–9 में उत्तीर्ण माध्यमिक परीक्षा एवं वरिष्ठ उपाध्याय कक्षा–11 उत्तीर्ण छात्र उच्च माध्यमिक परीक्षा के योग्य माना जावेगा।

3. इस बोर्ड की प्रवेशिका तथा वरिष्ठ उपाध्याय की परीक्षा क्रमशः माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक परीक्षा के समकक्ष हैं।

✱ 1.5 वरिष्ठ उपाध्याय की कक्षा–11 में प्रवेश :– निम्नलिखित छात्र/छात्राओं को शाला में उस वर्ग और विषयों में प्रवेश दिया जा सकता हैं, जिसमें शाला मान्यता प्राप्त हो और जिन्होंने –

(अ) बोर्ड की प्रवेशिका परीक्षा अंग्रेजी सहित उत्तीर्ण कर ली हो।

(ब) संस्कृत विषय की परीक्षा उत्तीर्ण विद्यार्थी को उपाध्याय की कक्षा–11 में प्रवेश दिया जा सकता है।

(स) उच्च माध्यमिक की कक्षा–11 में प्रवेश की पात्रता रखते हो।

(द) निम्नलिखित में से कोई परीक्षा अंग्रेजी विषय सहित, प्रत्येक विषय में न्यूनतम 33 प्रतिशत प्राप्तांकों सहित उत्तीर्ण हो।

– सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी की पूर्व मध्यमा परीक्षा। (वर्ष 2001 तक)

– बिहार संस्कृत समिति पटना/संस्कृत विश्वविद्यालय, दरभंगा की पूर्व मध्यमा परीक्षा।

– राष्ट्रीय संस्कृत संस्थान, नई दिल्ली की पूर्व मध्यमा परीक्षा।


☆ बोर्ड के कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा/2010/सेल 8/716 दिनांक 07.07.10 द्वारा आयु सीमा का प्रावधान विलोपित कर दिया गया है


PART 2 Complete - Pages 3-6

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 3 (Pages 6-8)

अनुदेशिका –2020 VI

✱ 1.6 वरिष्ठ उपाध्याय की कक्षा–12 में प्रवेश :– निम्नलिखित छात्र/छात्राओं को शाला में उस वर्ग और विषयों में प्रवेश दिया जा सकता हैं, जिसमें शाला मान्यता प्राप्त हो और जिन्होंने –

(अ) इस बोर्ड से प्रवेशिका परीक्षा अंग्रेजी सहित अथवा माध्यमिक परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद इस बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त विद्यालय अथवा उपाध्याय परीक्षा उत्तीर्ण कर कक्षा–11 उत्तीर्ण कर ली हो।

(ब) निम्नलिखित में से कोई परीक्षा अंग्रेजी विषय सहित, प्रत्येक विषय में न्यूनतम 33 प्रतिशत प्राप्तांकों सहित उत्तीर्ण हो।

– सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी की पूर्व मध्यमा परीक्षा। (वर्ष 2001 तक)

– बिहार संस्कृत समिति पटना/संस्कृत विश्वविद्यालय, दरभंगा की पूर्व मध्यमा परीक्षा।

– राष्ट्रीय संस्कृत संस्थान, नई दिल्ली की पूर्व मध्यमा परीक्षा।

तथा संस्कृत विषय की परीक्षा उत्तीर्ण कर मान्यता प्राप्त संस्कृत विद्यालय से वरिष्ठ उपाध्याय की कक्षा–11 उत्तीर्ण हो अथवा कक्षा–11 में प्रवेश की पात्रता रखते हुए अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालय के क्षेत्राधिकार में संस्कृत विद्यालय से उपाध्याय की कक्षा–11 उत्तीर्ण हो।

नोट : कक्षा–12 में प्रवेश देते समय प्रत्येक विद्यार्थी से उसकी कक्षा–11 उत्तीर्ण होने की उत्तीर्णांक सूची शाला अपने पास अवश्य रख ले।

2. बोर्ड कार्य क्षेत्र के बाहर के विद्यार्थियों का इस बोर्ड की परीक्षा में सम्मिलित होने की पात्रता सम्बन्धी नियम:

बोर्ड कार्यक्षेत्र के बाहर अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालयों के क्षेत्राधीन माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा अथवा इनके समान स्तर की परीक्षा उत्तीर्ण विद्यार्थियों के सम्बन्ध में निम्नानुसार व्यवस्था है :–

✱ 2.1 बोर्ड कार्य क्षेत्र के बाहर अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालय की माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा अथवा समकक्ष परीक्षा सामान्य या व्यावसायिक विषयों सहित उत्तीर्ण विद्यार्थी/विद्यार्थियों को इस बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कक्षा–11/12 में प्रवेश की पात्रता प्राप्त करने, उच्च माध्यमिक/वरिष्ठ उपाध्याय/उपाध्याय की परीक्षा में प्रविष्ट होने के लिये बोर्ड द्वारा प्रावधानित प्रपत्र में निर्धारित शुल्क सहित अभिलेख संलग्न कर मूल निवास स्थान के नजदीकी जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक शिक्षा), राजस्थान के कार्यालय में प्रस्तुत किये जाने पर उनके आवेदन पर विचार कर पात्रता प्रमाण पत्र दिये जायेंगे।

अनुदेशिका –2020 VII

✱ 2.2 जो विद्यार्थी अन्य राज्यों में परिवार सहित निवास कर रहे है व राजस्थान राज्य के मूल निवासी है अथवा किसी अन्य राज्य के निवासी हो परन्तु माता–पिता के साथ राजस्थान राज्य आ गये हो और यहाँ स्थाई निवासी बन गये हो और इस बोर्ड से सम्बद्ध मान्यता प्राप्त माध्यमिक/उच्च माध्यमिक विद्यालयों में कक्षा–11 / 12 में प्रवेश लेकर अध्ययन करना चाहते हो और इस बोर्ड की उच्च माध्यमिक परीक्षा में प्रविष्ट होना चाहते हो तो उन्हें पात्रता प्रमाण पत्र के लिये शिक्षा विभाग राजस्थान सरकार द्वारा जारी राजस्थान के मूल निवास का प्रमाण पत्र अथवा राजस्व विभाग से जारी राजस्थान में स्थाई निवासी का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।

व्याख्या:

(i) राजस्थान के मूल निवासी/स्थाई निवासी के प्रमाण हेतु माता या पिता में से किसी एक का जन्म स्थान या नियुक्ति स्थान राजस्थान होना आवश्यक है।

(ii) पिता/माता की 01 अप्रैल 2011 के पूर्व से सेवा राजस्थान राज्य में हो।

(iii) पिता/माता के ऐसे सेवा प्रमाण पत्र जो राजस्थान में 01 अप्रैल 2011 के पश्चात सेवाओं में नियुक्त हुए हो को मान्य नहीं किया जायेगा।

(iv) यदि परिवार सहित अन्य राज्य में निवास कर रहे हो और केवल परीक्षा के हेतु राजस्थान राज्य में आ रहे हो तो इस स्थिति में पात्रता प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जायेगा।

✱ 2.3 राजस्थान राज्य के मूल निवासी होने अथवा स्थाई निवासी का प्रमाण निम्नलिखित में से किसी एक अभिलेख को पात्रता प्रमाण पत्र जारी करने हेतु मान्य किया जायेगा :–

(अ) स्वयं का जन्म प्रमाण पत्र।

(ब) माता–पिता का मूल निवास प्रमाण पत्र (बोनाफाइड)।

(स) पिता/माता के सेवा की नियुक्ति स्थान का प्रमाण।

(द) राजस्थान राज्य में स्वयं की भूमि का नामान्तरण प्रमाण पत्र।

(य) राजस्थान राज्य में परिवार का स्वयं के नाम का मतदाता परिचय पत्र/राशन कार्ड।

नोट:–

(1) यदि पात्रता प्रमाण पत्र प्राप्त करने वाले विद्यार्थी के पिता राजस्थान में कार्यरत है तो उन्हें मूल निवास अथवा स्थाई निवास का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।

(2) कुछ विद्यार्थियों के पिता को राज्य से बाहर की नियुक्ति के पश्चात् निवास परिवर्तन करना पड़ता है ऐसी स्थिति में भी विद्यार्थी को मूल निवास अथवा स्थाई निवास का प्रमाण पत्र दिया जाना चाहिये।

(3) सशस्त्र सेना अथवा केन्द्रीय सेवाओं से सम्बन्धित यथा रेलवे, राजस्थान से बाहर सेवारत राज्य के मूल निवासी परिवारों की संतान को मूल/स्थाई निवास प्रमाण पत्र व पिता की नियुक्ति के आदेश की प्रमाणित प्रति प्रस्तुत कर पात्रता प्रमाण पत्र ले सकते हैं।

(4) विदेश में निवास कर रहे राजस्थान के मूल निवासी/स्थाई निवासी परिवारों की संतान को भारत सरकार के विदेश मंत्रालय द्वारा/राजस्थान सरकार द्वारा जारी राजस्थान के मूल/स्थाई निवास का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना आवश्यक होगा तभी पात्रता प्रमाण पत्र जारी किया जायेगा।

(5) स्थाई निवास का अर्थ भारत सरकार के अनुसार माना जाये न कि राजस्थान सरकार के नियमों के आधार पर।

(6) कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा/2010/1/146 दिनांक 08.11.2016 अनुसार अब राजस्थान राज्य के मूल निवासी होने अथवा स्थाई निवासी का प्रमाण पत्र राजस्व विभाग द्वारा जारी किया जाता है न कि शिक्षा विभाग द्वारा।

अनुदेशिका –2020 VIII

✱ 2.4 राजस्थान राज्य के बाहर के निजी एवं राजकीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों की संतान की पात्रता प्रमाण पत्र बोर्ड के कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा–I/सेल–8/763 दिनांक 30.08.2011 एवं कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा–I/सेल–8/719 दिनांक 14.12.2015 की शर्तें लागू रहेगी।

✱ 2.5 अन्य राज्यों के नियमित शिक्षकों व विद्यार्थियों को राजस्थान राज्य में पात्रता प्रमाण पत्र नहीं दिया जायेगा जब तक कि वे मूल/स्थाई निवास सिद्ध न कर दें।

✱ 2.6 नेपाल, भूटान देश के विद्यार्थियों के पात्रता प्रमाण पत्र के लिये राजस्थान सरकार द्वारा जारी स्थाई निवास अथवा मूल निवास प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।

3. पात्रता प्रमाण पत्र (Migration Certificate) जारी करने सम्बन्धी नियम :–

✱ 3.1 पात्रता प्रमाण पत्र कौन–कौन जारी कर सकेंगे :–

(अ) राजस्थान में प्रवेश हेतु राजस्थान राज्य के निवासी के सम्बन्ध में या किसी अन्य राज्य के निवासी जो यहाँ स्थाई निवासी बन गये हो के सम्बन्ध में पात्रता प्रमाण पत्र सम्बन्धित जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) द्वारा दिया जायेगा।

(ब) बोर्ड कार्यालय, अजमेर द्वारा राजस्थान के बाहर निवास कर रहे विद्यार्थियों को राजस्थान में पात्रता प्रमाण पत्र नहीं दिया जायेगा, ऐसे विद्यार्थियों को जिस राज्य का है और जहाँ शिक्षा प्राप्त कर रहे है उस राज्य/बोर्ड से पात्रता प्रमाण पत्र प्राप्त करना होगा।

(स) केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सी.बी.एस.सी.) से उत्तीर्ण विद्यार्थियों को किसी प्रकार का पात्रता प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जाता अपितु उनके प्रमाण पत्र यथा अंकतालिका/प्रमाण पत्र के ऊपर लिखा होता है कि विद्यार्थी किसी भी बोर्ड/विश्वविद्यालय में आगे की शिक्षा हेतु पात्र है।

✱ 3.2 स्थानान्तरण प्रमाण पत्र (Transfer Certificate) :–

कक्षा 9, 10, 11 अथवा 12 का स्थानान्तरित अथवा प्रवर्जित विद्यार्थी इस बोर्ड की माध्यमिक/उच्च माध्यमिक/वरिष्ठ उपाध्याय परीक्षा में प्रवेश लेना चाहे अथवा किसी संस्था में प्रवेश लेना चाहे तो संस्था प्रधान या संस्था का ऐसा अधिकारी जो स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र देने के लिए अधिकृत हो से स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र मूल रूप में प्राप्त करना होगा। स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र में शालायें निम्नलिखित बातें अवश्य दर्ज करें :–

(i) विद्यार्थी का नाम।

(ii) पिता/माता/अभिभावक का नाम।

(iii) जन्म की तिथि (अंकों व शब्दों दोनों में)।

(iv) वर्ग/कक्षा विषय/जिसमें पढ़ रहा था/अध्ययन कर रहा था।

(v) कुल उपस्थिति/अनुपस्थिति, मीटिंग।

(vi) अभ्यर्थी की वर्ष का परीक्षा परिणाम।

(vii) शाला से उत्तीर्ण होने/छोड़ने की तिथि।

(viii) जाति।

(ix) शाला छोड़ने का कारण।

(x) आचार/चाल चलन के बारे में उल्लेख।

(xi) शाला का पूरा पता/वर्ष व क्रमांक।

(xii) हस्ताक्षर सहित जारी करने वाले अधिकारी का नाम, पदनाम व दिनांक।

महत्त्वपूर्ण:

इस बोर्ड द्वारा स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र जारी नहीं किये जाते। स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र शाला प्रधान के अधिकार क्षेत्र का मामला है।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 3 (Pages 6-8)

अनुदेशिका –2020 VI

✱ 1.6 वरिष्ठ उपाध्याय की कक्षा–12 में प्रवेश :– निम्नलिखित छात्र/छात्राओं को शाला में उस वर्ग और विषयों में प्रवेश दिया जा सकता हैं, जिसमें शाला मान्यता प्राप्त हो और जिन्होंने –

(अ) इस बोर्ड से प्रवेशिका परीक्षा अंग्रेजी सहित अथवा माध्यमिक परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद इस बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त विद्यालय अथवा उपाध्याय परीक्षा उत्तीर्ण कर कक्षा–11 उत्तीर्ण कर ली हो।

(ब) निम्नलिखित में से कोई परीक्षा अंग्रेजी विषय सहित, प्रत्येक विषय में न्यूनतम 33 प्रतिशत प्राप्तांकों सहित उत्तीर्ण हो।

– सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी की पूर्व मध्यमा परीक्षा। (वर्ष 2001 तक)

– बिहार संस्कृत समिति पटना/संस्कृत विश्वविद्यालय, दरभंगा की पूर्व मध्यमा परीक्षा।

– राष्ट्रीय संस्कृत संस्थान, नई दिल्ली की पूर्व मध्यमा परीक्षा।

तथा संस्कृत विषय की परीक्षा उत्तीर्ण कर मान्यता प्राप्त संस्कृत विद्यालय से वरिष्ठ उपाध्याय की कक्षा–11 उत्तीर्ण हो अथवा कक्षा–11 में प्रवेश की पात्रता रखते हुए अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालय के क्षेत्राधिकार में संस्कृत विद्यालय से उपाध्याय की कक्षा–11 उत्तीर्ण हो।

नोट : कक्षा–12 में प्रवेश देते समय प्रत्येक विद्यार्थी से उसकी कक्षा–11 उत्तीर्ण होने की उत्तीर्णांक सूची शाला अपने पास अवश्य रख ले।

2. बोर्ड कार्य क्षेत्र के बाहर के विद्यार्थियों का इस बोर्ड की परीक्षा में सम्मिलित होने की पात्रता सम्बन्धी नियम:

बोर्ड कार्यक्षेत्र के बाहर अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालयों के क्षेत्राधीन माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा अथवा इनके समान स्तर की परीक्षा उत्तीर्ण विद्यार्थियों के सम्बन्ध में निम्नानुसार व्यवस्था है :–

✱ 2.1 बोर्ड कार्य क्षेत्र के बाहर अन्य बोर्ड/विश्वविद्यालय की माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा अथवा समकक्ष परीक्षा सामान्य या व्यावसायिक विषयों सहित उत्तीर्ण विद्यार्थी/विद्यार्थियों को इस बोर्ड से सम्बद्धता प्राप्त मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कक्षा–11/12 में प्रवेश की पात्रता प्राप्त करने, उच्च माध्यमिक/वरिष्ठ उपाध्याय/उपाध्याय की परीक्षा में प्रविष्ट होने के लिये बोर्ड द्वारा प्रावधानित प्रपत्र में निर्धारित शुल्क सहित अभिलेख संलग्न कर मूल निवास स्थान के नजदीकी जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक शिक्षा), राजस्थान के कार्यालय में प्रस्तुत किये जाने पर उनके आवेदन पर विचार कर पात्रता प्रमाण पत्र दिये जायेंगे।

अनुदेशिका –2020 VII

✱ 2.2 जो विद्यार्थी अन्य राज्यों में परिवार सहित निवास कर रहे है व राजस्थान राज्य के मूल निवासी है अथवा किसी अन्य राज्य के निवासी हो परन्तु माता–पिता के साथ राजस्थान राज्य आ गये हो और यहाँ स्थाई निवासी बन गये हो और इस बोर्ड से सम्बद्ध मान्यता प्राप्त माध्यमिक/उच्च माध्यमिक विद्यालयों में कक्षा–11 / 12 में प्रवेश लेकर अध्ययन करना चाहते हो और इस बोर्ड की उच्च माध्यमिक परीक्षा में प्रविष्ट होना चाहते हो तो उन्हें पात्रता प्रमाण पत्र के लिये शिक्षा विभाग राजस्थान सरकार द्वारा जारी राजस्थान के मूल निवास का प्रमाण पत्र अथवा राजस्व विभाग से जारी राजस्थान में स्थाई निवासी का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।

व्याख्या:

(i) राजस्थान के मूल निवासी/स्थाई निवासी के प्रमाण हेतु माता या पिता में से किसी एक का जन्म स्थान या नियुक्ति स्थान राजस्थान होना आवश्यक है।

(ii) पिता/माता की 01 अप्रैल 2011 के पूर्व से सेवा राजस्थान राज्य में हो।

(iii) पिता/माता के ऐसे सेवा प्रमाण पत्र जो राजस्थान में 01 अप्रैल 2011 के पश्चात सेवाओं में नियुक्त हुए हो को मान्य नहीं किया जायेगा।

(iv) यदि परिवार सहित अन्य राज्य में निवास कर रहे हो और केवल परीक्षा के हेतु राजस्थान राज्य में आ रहे हो तो इस स्थिति में पात्रता प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जायेगा।

✱ 2.3 राजस्थान राज्य के मूल निवासी होने अथवा स्थाई निवासी का प्रमाण निम्नलिखित में से किसी एक अभिलेख को पात्रता प्रमाण पत्र जारी करने हेतु मान्य किया जायेगा :–

(अ) स्वयं का जन्म प्रमाण पत्र।

(ब) माता–पिता का मूल निवास प्रमाण पत्र (बोनाफाइड)।

(स) पिता/माता के सेवा की नियुक्ति स्थान का प्रमाण।

(द) राजस्थान राज्य में स्वयं की भूमि का नामान्तरण प्रमाण पत्र।

(य) राजस्थान राज्य में परिवार का स्वयं के नाम का मतदाता परिचय पत्र/राशन कार्ड।

नोट:–

(1) यदि पात्रता प्रमाण पत्र प्राप्त करने वाले विद्यार्थी के पिता राजस्थान में कार्यरत है तो उन्हें मूल निवास अथवा स्थाई निवास का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।

(2) कुछ विद्यार्थियों के पिता को राज्य से बाहर की नियुक्ति के पश्चात् निवास परिवर्तन करना पड़ता है ऐसी स्थिति में भी विद्यार्थी को मूल निवास अथवा स्थाई निवास का प्रमाण पत्र दिया जाना चाहिये।

(3) सशस्त्र सेना अथवा केन्द्रीय सेवाओं से सम्बन्धित यथा रेलवे, राजस्थान से बाहर सेवारत राज्य के मूल निवासी परिवारों की संतान को मूल/स्थाई निवास प्रमाण पत्र व पिता की नियुक्ति के आदेश की प्रमाणित प्रति प्रस्तुत कर पात्रता प्रमाण पत्र ले सकते हैं।

(4) विदेश में निवास कर रहे राजस्थान के मूल निवासी/स्थाई निवासी परिवारों की संतान को भारत सरकार के विदेश मंत्रालय द्वारा/राजस्थान सरकार द्वारा जारी राजस्थान के मूल/स्थाई निवास का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना आवश्यक होगा तभी पात्रता प्रमाण पत्र जारी किया जायेगा।

(5) स्थाई निवास का अर्थ भारत सरकार के अनुसार माना जाये न कि राजस्थान सरकार के नियमों के आधार पर।

(6) कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा/2010/1/146 दिनांक 08.11.2016 अनुसार अब राजस्थान राज्य के मूल निवासी होने अथवा स्थाई निवासी का प्रमाण पत्र राजस्व विभाग द्वारा जारी किया जाता है न कि शिक्षा विभाग द्वारा।

अनुदेशिका –2020 VIII

✱ 2.4 राजस्थान राज्य के बाहर के निजी एवं राजकीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों की संतान की पात्रता प्रमाण पत्र बोर्ड के कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा–I/सेल–8/763 दिनांक 30.08.2011 एवं कार्यालय आदेश क्रमांक परीक्षा–I/सेल–8/719 दिनांक 14.12.2015 की शर्तें लागू रहेगी।

✱ 2.5 अन्य राज्यों के नियमित शिक्षकों व विद्यार्थियों को राजस्थान राज्य में पात्रता प्रमाण पत्र नहीं दिया जायेगा जब तक कि वे मूल/स्थाई निवास सिद्ध न कर दें।

✱ 2.6 नेपाल, भूटान देश के विद्यार्थियों के पात्रता प्रमाण पत्र के लिये राजस्थान सरकार द्वारा जारी स्थाई निवास अथवा मूल निवास प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।

3. पात्रता प्रमाण पत्र (Migration Certificate) जारी करने सम्बन्धी नियम :–

✱ 3.1 पात्रता प्रमाण पत्र कौन–कौन जारी कर सकेंगे :–

(अ) राजस्थान में प्रवेश हेतु राजस्थान राज्य के निवासी के सम्बन्ध में या किसी अन्य राज्य के निवासी जो यहाँ स्थाई निवासी बन गये हो के सम्बन्ध में पात्रता प्रमाण पत्र सम्बन्धित जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) द्वारा दिया जायेगा।

(ब) बोर्ड कार्यालय, अजमेर द्वारा राजस्थान के बाहर निवास कर रहे विद्यार्थियों को राजस्थान में पात्रता प्रमाण पत्र नहीं दिया जायेगा, ऐसे विद्यार्थियों को जिस राज्य का है और जहाँ शिक्षा प्राप्त कर रहे है उस राज्य/बोर्ड से पात्रता प्रमाण पत्र प्राप्त करना होगा।

(स) केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सी.बी.एस.सी.) से उत्तीर्ण विद्यार्थियों को किसी प्रकार का पात्रता प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जाता अपितु उनके प्रमाण पत्र यथा अंकतालिका/प्रमाण पत्र के ऊपर लिखा होता है कि विद्यार्थी किसी भी बोर्ड/विश्वविद्यालय में आगे की शिक्षा हेतु पात्र है।

✱ 3.2 स्थानान्तरण प्रमाण पत्र (Transfer Certificate) :–

कक्षा 9, 10, 11 अथवा 12 का स्थानान्तरित अथवा प्रवर्जित विद्यार्थी इस बोर्ड की माध्यमिक/उच्च माध्यमिक/वरिष्ठ उपाध्याय परीक्षा में प्रवेश लेना चाहे अथवा किसी संस्था में प्रवेश लेना चाहे तो संस्था प्रधान या संस्था का ऐसा अधिकारी जो स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र देने के लिए अधिकृत हो से स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र मूल रूप में प्राप्त करना होगा। स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र में शालायें निम्नलिखित बातें अवश्य दर्ज करें :–

(i) विद्यार्थी का नाम।

(ii) पिता/माता/अभिभावक का नाम।

(iii) जन्म की तिथि (अंकों व शब्दों दोनों में)।

(iv) वर्ग/कक्षा विषय/जिसमें पढ़ रहा था/अध्ययन कर रहा था।

(v) कुल उपस्थिति/अनुपस्थिति, मीटिंग।

(vi) अभ्यर्थी की वर्ष का परीक्षा परिणाम।

(vii) शाला से उत्तीर्ण होने/छोड़ने की तिथि।

(viii) जाति।

(ix) शाला छोड़ने का कारण।

(x) आचार/चाल चलन के बारे में उल्लेख।

(xi) शाला का पूरा पता/वर्ष व क्रमांक।

(xii) हस्ताक्षर सहित जारी करने वाले अधिकारी का नाम, पदनाम व दिनांक।

महत्त्वपूर्ण:

इस बोर्ड द्वारा स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र जारी नहीं किये जाते। स्थानान्तरण प्रमाण–पत्र शाला प्रधान के अधिकार क्षेत्र का मामला है।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 5 (Pages 12-14)

अनुदेशिका –2020 XII

✱ 7.2 उपस्थिति में छूट देने के अधिकार :–

(अ) शाला प्रधान का अधिकार :– शाला प्रधान अधिकतम 25 मीटिंग तक की छूट अपने स्तर पर दे सकते हैं। इसकी पुष्टि बोर्ड से करानी होगी।

(ब) बोर्ड का अधिकार :– 25 मीटिंग से अधिक की छूट के लिए बोर्ड को आवेदन करना होगा। बोर्ड विशेष परिस्थितियों में ही अतिरिक्त छूट देगा।

महत्त्वपूर्ण निर्देश:–

(1) चिकित्सा कारणों से अनुपस्थिति के मामले में सरकारी चिकित्सालय का प्रमाण पत्र आवश्यक है।

(2) खेलकूद प्रतियोगिताओं में भाग लेने के कारण अनुपस्थिति को उपस्थिति माना जायेगा।

(3) राष्ट्रीय स्तर की गतिविधियों में भाग लेने पर अनुपस्थिति को उपस्थिति माना जायेगा।

✱ 7.3 उपस्थिति की गणना :–

उपस्थिति की गणना कुल मीटिंग (Meetings) के आधार पर की जायेगी। एक दिन में अधिकतम दो मीटिंग गिनी जायेगी। शाला प्रधान को चाहिए कि वे नियमित रूप से उपस्थिति रजिस्टर रखें और विद्यार्थियों की उपस्थिति का सही रिकॉर्ड रखें।

8. प्रायोगिक परीक्षा (Practical Examination) सम्बन्धी नियम :–

✱ 8.1 प्रायोगिक परीक्षा में उपस्थिति :–

जिन विषयों में प्रायोगिक परीक्षा (Practical Examination) का प्रावधान है, उन विषयों में नियमित एवं स्वयंपाठी दोनों प्रकार के विद्यार्थियों को प्रायोगिक परीक्षा में अनिवार्य रूप से उपस्थित होना होगा। प्रायोगिक परीक्षा में अनुपस्थित रहने पर विद्यार्थी उस विषय में अनुत्तीर्ण घोषित किया जायेगा।

महत्त्वपूर्ण:–

(1) प्रायोगिक परीक्षा में 33% अंक प्राप्त करना अनिवार्य है।

(2) प्रायोगिक एवं सैद्धान्तिक दोनों परीक्षाओं में अलग-अलग 33% अंक लाना आवश्यक है।

(3) स्वाध्ययन विषयों में भी प्रायोगिक परीक्षा देना अनिवार्य है।

✱ 8.2 प्रायोगिक परीक्षा का आयोजन :–

प्रायोगिक परीक्षा का आयोजन बोर्ड द्वारा नियुक्त बाह्य परीक्षक (External Examiner) एवं आन्तरिक परीक्षक (Internal Examiner) द्वारा किया जायेगा। प्रायोगिक परीक्षा शाला में ही आयोजित की जायेगी।

अनुदेशिका –2020 XIII

9. परीक्षा शुल्क एवं आवेदन सम्बन्धी नियम :–

✱ 9.1 परीक्षा शुल्क :–

बोर्ड द्वारा प्रतिवर्ष परीक्षा शुल्क निर्धारित किया जाता है। परीक्षा शुल्क नियमित एवं स्वयंपाठी परीक्षार्थियों के लिए अलग-अलग होता है। परीक्षा शुल्क समय पर जमा न करने पर विलम्ब शुल्क देना होगा।

नोट:–

(1) अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों को परीक्षा शुल्क में छूट दी जाती है।

(2) नि:शक्त विद्यार्थियों को परीक्षा शुल्क में विशेष छूट दी जाती है।

(3) बालिकाओं को भी परीक्षा शुल्क में विशेष छूट दी जाती है।

(4) वर्तमान परीक्षा शुल्क की जानकारी बोर्ड की वेबसाइट से प्राप्त की जा सकती है।

✱ 9.2 परीक्षा आवेदन पत्र :–

परीक्षा आवेदन पत्र नियमित विद्यार्थियों के लिए शाला प्रधान द्वारा भरा जायेगा। स्वयंपाठी परीक्षार्थी स्वयं आवेदन पत्र भर सकते हैं। आवेदन पत्र में सभी प्रविष्टियाँ सही-सही भरनी चाहिए क्योंकि बाद में संशोधन कठिन है।

आवेदन पत्र भरते समय ध्यान देने योग्य बातें:–

(1) विद्यार्थी का नाम, पिता का नाम, माता का नाम शाला रजिस्टर के अनुसार ही लिखें।

(2) जन्मतिथि अंकों एवं शब्दों दोनों में स्पष्ट लिखें।

(3) विषयों का चयन सावधानीपूर्वक करें।

(4) जाति/वर्ग का कोड सही भरें क्योंकि इसमें परिवर्तन का कोई प्रावधान नहीं है।

(5) फोटोग्राफ एवं हस्ताक्षर निर्धारित स्थान पर लगायें।

✱ 9.3 आवेदन पत्र जमा करने की तिथि :–

बोर्ड द्वारा प्रतिवर्ष परीक्षा आवेदन पत्र जमा करने की अन्तिम तिथि निर्धारित की जाती है। इस तिथि के बाद विलम्ब शुल्क के साथ आवेदन स्वीकार किये जाते हैं। अधिक विलम्ब होने पर आवेदन अस्वीकृत भी किये जा सकते हैं।

10. परीक्षा परिणाम सम्बन्धी नियम :–

✱ 10.1 परिणाम घोषणा :–

बोर्ड की परीक्षाओं का परिणाम बोर्ड की वेबसाइट पर घोषित किया जाता है। परिणाम में विद्यार्थी के प्राप्तांक, प्रतिशत, श्रेणी एवं उत्तीर्ण/अनुत्तीर्ण की स्थिति दर्शायी जाती है।

✱ 10.2 उत्तीर्णता के मानदंड :–

(अ) प्रत्येक विषय में न्यूनतम 33% अंक प्राप्त करना आवश्यक है।

(ब) प्रायोगिक एवं सैद्धान्तिक दोनों परीक्षाओं में अलग-अलग 33% अंक लाना अनिवार्य है।

(स) सभी विषयों में उत्तीर्ण होना आवश्यक है।

(द) अनुत्तीर्ण विषयों में पूरक परीक्षा देने का अवसर दिया जाता है।

✱ 10.3 श्रेणी निर्धारण :–

श्रेणी विभाजन

प्रतिशत श्रेणी
75% और अधिक प्रथम श्रेणी (Distinction)
60% से 74.99% प्रथम श्रेणी (First Division)
48% से 59.99% द्वितीय श्रेणी (Second Division)
33% से 47.99% तृतीय श्रेणी (Third Division)
33% से कम अनुत्तीर्ण (Fail)

अनुदेशिका –2020 XIV

✱ 10.4 पूरक परीक्षा (Supplementary Examination) :–

बोर्ड द्वारा प्रतिवर्ष पूरक परीक्षा का आयोजन किया जाता है। जो विद्यार्थी मुख्य परीक्षा में अधिकतम दो विषयों में अनुत्तीर्ण रहे हों, वे पूरक परीक्षा में सम्मिलित हो सकते हैं।

पूरक परीक्षा के नियम:–

(1) अधिकतम दो विषयों में अनुत्तीर्ण विद्यार्थी ही पूरक परीक्षा में बैठ सकते हैं।

(2) प्रत्येक अनुत्तीर्ण विषय में कम से कम 25% अंक प्राप्त होने चाहिए।

(3) कुल प्राप्तांकों का योग 30% या इससे अधिक होना चाहिए।

(4) पूरक परीक्षा में प्राप्त अंकों को मुख्य परीक्षा के अंकों में जोड़कर परिणाम तैयार किया जाता है।

(5) पूरक परीक्षा में उत्तीर्ण होने पर मूल प्रमाण पत्र में "Passed in Compartment" अंकित किया जाता है।

✱ 10.5 पुनर्गणना (Re-totaling) :–

यदि कोई विद्यार्थी अपने प्राप्तांकों की पुनर्गणना कराना चाहे तो वह परिणाम घोषणा के 15 दिन के अन्दर निर्धारित शुल्क के साथ आवेदन कर सकता है। पुनर्गणना में केवल अंकों के योग की जांच की जाती है, उत्तर पुस्तिकाओं का पुनर्मूल्यांकन नहीं किया जाता।

✱ 10.6 उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतिलिपि :–

बोर्ड द्वारा विद्यार्थियों को उनकी उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतिलिपि (Photo Copy) उपलब्ध करायी जा सकती है। इसके लिए निर्धारित शुल्क देना होगा। उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतिलिपि में मूल्यांकक के अंक एवं टिप्पणी ढकी हुई होंगी।

नोट:–

(1) उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतिलिपि के आधार पर पुनर्मूल्यांकन का कोई प्रावधान नहीं है।

(2) उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतिलिपि केवल सूचनार्थ उपलब्ध करायी जाती है।

(3) परिणाम घोषणा के 45 दिन के अन्दर ही उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतिलिपि के लिए आवेदन किया जा सकता है।

11. अनुशासन एवं अनुचित साधन सम्बन्धी नियम :–

✱ 11.1 परीक्षा केन्द्र पर अनुशासन :–

परीक्षा केन्द्र पर सभी विद्यार्थियों को अनुशासन बनाये रखना आवश्यक है। परीक्षा केन्द्र के अधीक्षक एवं निरीक्षकों के निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है। अनुशासनहीनता के मामले में कठोर कार्यवाही की जायेगी।

✱ 11.2 अनुचित साधन (Unfair Means) :–

परीक्षा में अनुचित साधनों का प्रयोग करना गंभीर अपराध है। अनुचित साधनों में नकल करना, मोबाइल फोन ले जाना, दूसरे विद्यार्थी से बात करना, परीक्षा हाल में अप्रासंगिक सामग्री रखना आदि शामिल हैं।

अनुचित साधन के दण्ड:–

(1) उस विषय की परीक्षा निरस्त करना।

(2) सम्पूर्ण परीक्षा निरस्त करना।

(3) भविष्य की परीक्षाओं में प्रवेश से वंचित करना।

(4) आपराधिक मामला दर्ज करना।

(5) दण्ड की मात्रा अनुचित साधन की गंभीरता पर निर्भर करेगी।

सलाह:– विद्यार्थियों को चाहिए कि वे ईमानदारी से परीक्षा दें और किसी भी प्रकार के अनुचित साधनों का प्रयोग न करें। अनुचित साधनों से केवल अस्थायी लाभ मिल सकता है परन्तु इसके दूरगामी परिणाम बहुत गंभीर होते हैं।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 6 (Pages 15-18)

अनुदेशिका –2020 XV

12. नाम/पिता का नाम/माता का नाम/जन्मतिथि में संशोधन/वर्तनी सुधार सम्बन्धी नियम :–

बोर्ड की परीक्षा में प्रविष्ट होने के समय यदि विद्यार्थी/शाला प्रधान द्वारा आवेदन पत्र में नाम, पिता का नाम, माता का नाम अथवा जन्मतिथि में कोई त्रुटि हो जाती है तो उसमें संशोधन/सुधार के लिए बोर्ड में आवेदन किया जा सकता है। इसके लिए निम्नलिखित नियम एवं प्रक्रिया है :–

✱ 12.1 जन्मतिथि में संशोधन (Date of Birth Correction) :–

विद्यार्थी की जन्मतिथि में संशोधन अत्यंत गंभीर मामला है। बोर्ड द्वारा जन्मतिथि में संशोधन केवल निम्नलिखित परिस्थितियों में ही किया जाता है :–

(अ) यदि शाला रजिस्टर में प्रविष्ट जन्मतिथि और परीक्षा आवेदन पत्र में अंकित जन्मतिथि में अंतर हो।

(ब) यदि जन्म प्रमाण पत्र और शाला रजिस्टर में जन्मतिथि में अंतर हो।

(स) यदि जन्मतिथि में स्पष्ट मुद्रण/लेखन त्रुटि हो।

महत्त्वपूर्ण शर्तें:–

(1) जन्मतिथि में संशोधन केवल एक बार ही किया जा सकता है।

(2) जन्मतिथि में संशोधन हेतु नगर निगम/नगर पालिका/ग्राम पंचायत द्वारा जारी मूल जन्म प्रमाण पत्र अनिवार्य है।

(3) जन्म प्रमाण पत्र विद्यार्थी के जन्म के एक वर्ष के अन्दर जारी किया गया होना चाहिए।

(4) बाद में जारी किये गये जन्म प्रमाण पत्र स्वीकार नहीं किये जाते।

(5) यदि मूल जन्म प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं है तो शपथ पत्र (Affidavit) के आधार पर भी संशोधन किया जा सकता है।

✱ 12.2 नाम में संशोधन/वर्तनी सुधार (Name Correction) :–

विद्यार्थी के नाम में वर्तनी सुधार अथवा छोटे-मोटे संशोधन शाला प्रधान की अनुशंसा पर किये जा सकते हैं। नाम में संशोधन के लिए निम्नलिखित अभिलेख आवश्यक हैं :–

(अ) शाला प्रधान का प्रमाण पत्र कि शाला रजिस्टर में यह नाम दर्ज है।

(ब) कक्षा 8 या उससे पहले की अंकतालिका जिसमें सही नाम अंकित हो।

(स) जन्म प्रमाण पत्र जिसमें सही नाम दर्ज हो।

(द) आधार कार्ड जिसमें सही नाम अंकित हो।

नाम संशोधन के प्रकार:–

(1) वर्तनी सुधार (Spelling Correction):– छोटे-मोटे वर्तनी दोष जैसे RAHUL को RAGHUL लिखना, शाला प्रधान की अनुशंसा पर सुधारा जा सकता है।

(2) नाम में जोड़ना (Addition):– यदि नाम का कोई भाग छूट गया हो जैसे RAHUL KUMAR को RAHUL लिख दिया गया हो, तो जोड़ा जा सकता है।

(3) नाम में परिवर्तन (Change):– पूर्ण नाम परिवर्तन के लिए राजपत्र अधिसूचना (Gazette Notification) आवश्यक है।

अनुदेशिका –2020 XVI

✱ 12.3 पिता के नाम में संशोधन/वर्तनी सुधार (Father's Name Correction) :–

पिता के नाम में संशोधन/वर्तनी सुधार के लिए निम्नलिखित अभिलेख आवश्यक हैं :–

(अ) शाला प्रधान का प्रमाण पत्र कि शाला रजिस्टर में यह नाम दर्ज है।

(ब) विद्यार्थी का जन्म प्रमाण पत्र जिसमें पिता का सही नाम दर्ज हो।

(स) पिता का आधार कार्ड/पहचान पत्र।

(द) कक्षा 8 या उससे पहले की अंकतालिका जिसमें पिता का सही नाम हो।

✱ 12.4 माता के नाम में संशोधन/वर्तनी सुधार (Mother's Name Correction) :–

माता के नाम में संशोधन/वर्तनी सुधार के लिए निम्नलिखित अभिलेख आवश्यक हैं :–

(अ) शाला प्रधान का प्रमाण पत्र कि शाला रजिस्टर में यह नाम दर्ज है।

(ब) विद्यार्थी का जन्म प्रमाण पत्र जिसमें माता का सही नाम दर्ज हो।

(स) माता का आधार कार्ड/पहचान पत्र।

(द) कक्षा 8 या उससे पहले की अंकतालिका जिसमें माता का सही नाम हो।

नोट:–

(1) संशोधन के लिए सभी प्रलेख मूल रूप में अथवा प्रमाणित प्रतिलिपि के रूप में प्रस्तुत करने होंगे।

(2) प्रमाणित प्रतिलिपि पर शाला प्रधान अथवा गजेटेड अधिकारी के हस्ताक्षर आवश्यक हैं।

(3) संशोधन के लिए निर्धारित शुल्क देना होगा।

(4) संशोधन आवेदन शाला प्रधान के माध्यम से अथवा स्वयंपाठी विद्यार्थी सीधे बोर्ड में प्रस्तुत कर सकते हैं।

✱ 12.5 संशोधन की प्रक्रिया (Correction Procedure) :–

चरण 1:– निर्धारित प्रपत्र में आवेदन भरें।

चरण 2:– सभी आवश्यक अभिलेख संलग्न करें।

चरण 3:– शाला प्रधान की अनुशंसा प्राप्त करें (नियमित विद्यार्थी के लिए)।

चरण 4:– निर्धारित शुल्क जमा करें।

चरण 5:– आवेदन बोर्ड कार्यालय में जमा करें।

चरण 6:– बोर्ड द्वारा जांच के पश्चात् संशोधन किया जायेगा।

चरण 7:– संशोधित प्रमाण पत्र/अंकतालिका जारी की जायेगी।

✱ 12.6 संशोधन में लगने वाला समय :–

सामान्यतः संशोधन की प्रक्रिया में 30 से 45 दिन का समय लगता है। यदि कोई जटिलता हो तो अधिक समय भी लग सकता है। विद्यार्थियों को चाहिए कि वे समय रहते आवेदन करें जिससे किसी प्रवेश या परीक्षा में बाधा न आये।

अनुदेशिका –2020 XVII

✱ 12.7 शपथ पत्र (Affidavit) की आवश्यकता :–

यदि नाम/पिता का नाम/माता का नाम/जन्मतिथि में महत्त्वपूर्ण परिवर्तन किया जाना हो और मूल प्रलेख उपलब्ध न हों, तो न्यायालय में शपथ पत्र (Affidavit) प्रस्तुत करना होगा। शपथ पत्र में निम्नलिखित बातें स्पष्ट होनी चाहिए :–

(अ) विद्यार्थी का पूरा नाम, पिता का नाम, माता का नाम।

(ब) गलत प्रविष्टि क्या थी और सही प्रविष्टि क्या है।

(स) त्रुटि कैसे हुई।

(द) सही जानकारी के प्रमाण।

(य) यह प्रमाणित करना कि दी गई जानकारी सत्य है।

शपथ पत्र के लिए आवश्यक बातें:–

(1) शपथ पत्र प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष शपथ लिया हुआ होना चाहिए।

(2) शपथ पत्र पर रु. 10/- का नॉन-ज्यूडिशियल स्टाम्प पेपर होना चाहिए।

(3) यदि विद्यार्थी अवयस्क है तो माता-पिता द्वारा शपथ पत्र दिया जाना चाहिए।

(4) शपथ पत्र में स्पष्ट रूप से लिखा होना चाहिए कि संशोधन किसी अनुचित लाभ के लिए नहीं है।

✱ 12.8 राजपत्र अधिसूचना (Gazette Notification) :–

यदि विद्यार्थी ने अपने नाम में पूर्ण परिवर्तन कर लिया है और उसे प्रमाण पत्रों में भी परिवर्तन करवाना है, तो राजपत्र अधिसूचना (Gazette Notification) आवश्यक है। राजपत्र अधिसूचना राज्य सरकार के गृह विभाग द्वारा जारी की जाती है।

राजपत्र अधिसूचना की आवश्यकता कब होती है:–

(1) पूर्ण नाम परिवर्तन करने पर।

(2) धर्म परिवर्तन के बाद नाम बदलने पर।

(3) विवाह के बाद नाम परिवर्तन करने पर।

(4) कोई अन्य कानूनी कारण से नाम परिवर्तन करने पर।

✱ 12.9 संशोधन शुल्क (Correction Fees) :–

नाम/पिता का नाम/माता का नाम/जन्मतिथि में संशोधन के लिए बोर्ड द्वारा निर्धारित शुल्क देना होगा। शुल्क की राशि समय-समय पर बदल सकती है। वर्तमान शुल्क की जानकारी बोर्ड की वेबसाइट से प्राप्त की जा सकती है।

महत्त्वपूर्ण सावधानी:–

(1) संशोधन केवल वास्तविक त्रुटि होने पर ही किया जाना चाहिए।

(2) जान-बूझकर गलत जानकारी देना अपराध है।

(3) संशोधन के बाद पुराने प्रमाण पत्र वापस जमा करने होंगे।

(4) नये प्रमाण पत्र पर "Corrected" अथवा "Amended" शब्द अंकित होगा।

अनुदेशिका –2020 XVIII

✱ 12.10 संशोधन के बाद नये प्रमाण पत्र :–

नाम/पिता का नाम/माता का नाम/जन्मतिथि में संशोधन के बाद बोर्ड द्वारा संशोधित अंकतालिका एवं प्रमाण पत्र जारी किये जायेंगे। पुराने प्रमाण पत्र वापस ले लिये जायेंगे और उन्हें निरस्त कर दिया जायेगा।

नये प्रमाण पत्रों की विशेषताएं:–

(1) संशोधित अंकतालिका एवं प्रमाण पत्र पर "Corrected" अथवा "Amended" शब्द अंकित होगा।

(2) संशोधन की तिथि अंकित होगी।

(3) नये प्रमाण पत्र का क्रमांक वही रहेगा जो पुराने प्रमाण पत्र का था।

(4) नये प्रमाण पत्र पर बोर्ड की मुहर एवं अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता के हस्ताक्षर होंगे।

✱ 12.11 संशोधन में अस्वीकृति के कारण :–

बोर्ड द्वारा निम्नलिखित परिस्थितियों में संशोधन आवेदन अस्वीकृत किया जा सकता है :–

(अ) यदि आवश्यक प्रलेख प्रस्तुत नहीं किये गये हों।

(ब) यदि प्रस्तुत प्रलेख संदिग्ध हों।

(स) यदि पहले भी संशोधन किया जा चुका हो।

(द) यदि संशोधन अनुचित लाभ के लिए किया जा रहा हो।

(य) यदि आवेदन में दी गई जानकारी असत्य पाई जाये।

✱ 12.12 संशोधन आवेदन कब करें :–

विद्यार्थियों को चाहिए कि वे त्रुटि का पता चलते ही तुरंत संशोधन के लिए आवेदन करें। विशेष रूप से यदि आगे की पढ़ाई या नौकरी के लिए प्रमाण पत्रों की आवश्यकता हो, तो समय रहते संशोधन करा लें।

विशेष सुझाव:–

(1) परीक्षा आवेदन पत्र भरते समय अत्यंत सावधानी बरतें।

(2) सभी प्रविष्टियाँ शाला रजिस्टर से मिलान कर लें।

(3) जन्म प्रमाण पत्र एवं अन्य प्रलेख सुरक्षित रखें।

(4) यदि कोई त्रुटि हो तो तुरंत शाला प्रधान को सूचित करें।

(5) संशोधन प्रक्रिया में समय लगता है, इसलिए देरी न करें।

13. जाति/वर्ग में परिवर्तन सम्बन्धी महत्त्वपूर्ण सूचना :–

बोर्ड में परीक्षा आवेदन-पत्र में भरी जाति/वर्ग कोड सम्बन्धी सूचना में परिवर्तन का कोई प्रावधान नहीं है। इसलिए विद्यार्थियों को चाहिए कि वे आवेदन पत्र में जाति/वर्ग का कोड अत्यंत सावधानीपूर्वक भरें। गलत कोड भरने से विद्यार्थी छात्रवृत्ति/पुरस्कार/आरक्षण आदि के लाभ से वंचित रह सकता है।

अत्यंत महत्त्वपूर्ण चेतावनी

जाति/वर्ग कोड में एक बार त्रुटि हो जाने पर उसे सुधारने का कोई प्रावधान नहीं है। विद्यार्थी को उसी जाति/वर्ग के अनुसार छात्रवृत्ति/आरक्षण आदि का लाभ मिलेगा जो आवेदन पत्र में अंकित है। बाद में किसी भी प्रकार का परिवर्तन स्वीकार नहीं किया जायेगा।

सुझाव:– शाला प्रधान एवं अभिभावकों को चाहिए कि वे परीक्षा आवेदन पत्र में जाति/वर्ग कोड भरते समय विशेष सावधानी बरतें। सरकार द्वारा जारी जाति प्रमाण पत्र को देखकर ही कोड भरें। किसी भी प्रकार की भ्रांति हो तो बोर्ड कार्यालय से सम्पर्क करें।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 7 (Pages 19-21)

अनुदेशिका –2020 XIX

14. मूल प्रमाण पत्र/अंकतालिका वितरण सम्बन्धी नियम :–

✱ 14.1 मूल प्रमाण पत्र वितरण (Original Certificate Distribution) :–

बोर्ड परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले प्रत्येक विद्यार्थी को बोर्ड द्वारा निम्नलिखित मूल प्रमाण पत्र नि:शुल्क जारी किये जाते हैं :–

(अ) अंकतालिका (Mark Sheet):– जिसमें विद्यार्थी के सभी विषयों के प्राप्तांक अंकित होते हैं।

(ब) प्रमाण पत्र (Certificate):– जिसमें विद्यार्थी की परीक्षा उत्तीर्ण होने की जानकारी होती है।

(स) उत्तीर्ण प्रमाण पत्र (Passing Certificate):– जिसमें विद्यार्थी के उत्तीर्ण होने का विवरण होता है।

(द) चरित्र प्रमाण पत्र (Character Certificate):– यह शाला प्रधान द्वारा जारी किया जाता है, बोर्ड द्वारा नहीं।

मूल प्रमाण पत्र प्राप्त करने की प्रक्रिया:–

(1) नियमित विद्यार्थी:– नियमित विद्यार्थियों के प्रमाण पत्र उनकी शाला में भेजे जाते हैं। विद्यार्थी अपनी शाला से प्रमाण पत्र प्राप्त कर सकते हैं।

(2) स्वयंपाठी विद्यार्थी:– स्वयंपाठी विद्यार्थियों के प्रमाण पत्र बोर्ड कार्यालय में आते हैं। विद्यार्थी व्यक्तिगत रूप से या डाक द्वारा प्राप्त कर सकते हैं।

(3) डाक द्वारा प्राप्ति:– यदि विद्यार्थी डाक द्वारा प्रमाण पत्र प्राप्त करना चाहे तो निर्धारित डाक शुल्क देना होगा।

✱ 14.2 प्रमाण पत्र वितरण में देरी :–

यदि किसी कारणवश प्रमाण पत्र वितरण में देरी हो रही हो तो विद्यार्थी बोर्ड कार्यालय से अस्थायी प्रमाण पत्र (Provisional Certificate) प्राप्त कर सकते हैं। अस्थायी प्रमाण पत्र में विद्यार्थी के उत्तीर्ण होने की जानकारी होती है।

✱ 14.3 प्रमाण पत्रों की सुरक्षा :–

विद्यार्थियों को चाहिए कि वे अपने मूल प्रमाण पत्रों को सुरक्षित रखें। प्रमाण पत्र खो जाने पर प्रतिलिपि (Duplicate) प्राप्त करने में समय एवं शुल्क दोनों लगते हैं। मूल प्रमाण पत्र अत्यंत महत्वपूर्ण दस्तावेज हैं जो जीवन भर काम आते हैं।

प्रमाण पत्रों की सुरक्षा के लिए सुझाव:–

(1) प्रमाण पत्रों को प्लास्टिक कवर में रखें।

(2) एक सुरक्षित स्थान पर संभाल कर रखें।

(3) प्रमाण पत्रों की फोटो कॉपी बना कर रखें।

(4) यदि संभव हो तो डिजिटल स्कैन कॉपी भी रखें।

(5) मूल प्रमाण पत्र केवल आवश्यक होने पर ही दिखायें, अन्यथा फोटो कॉपी का उपयोग करें।

15. प्रतिलिपि प्रमाण पत्र (Duplicate Certificate) जारी करने सम्बन्धी नियम :–

✱ 15.1 प्रतिलिपि प्रमाण पत्र कब जारी किये जाते हैं :–

यदि किसी विद्यार्थी के मूल प्रमाण पत्र/अंकतालिका खो जाये, नष्ट हो जाये अथवा क्षतिग्रस्त हो जाये तो बोर्ड द्वारा प्रतिलिपि प्रमाण पत्र (Duplicate Certificate) जारी किये जा सकते हैं।

अनुदेशिका –2020 XX

✱ 15.2 प्रतिलिपि प्रमाण पत्र के लिए आवेदन प्रक्रिया :–

चरण 1:– निर्धारित प्रपत्र में आवेदन करें।

चरण 2:– प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) की प्रति संलग्न करें (यदि प्रमाण पत्र खो गया हो)।

चरण 3:– स्थानीय समाचार पत्र में विज्ञापन प्रकाशित करें कि प्रमाण पत्र खो गया है।

चरण 4:– शपथ पत्र (Affidavit) प्रस्तुत करें कि मूल प्रमाण पत्र खो गया/नष्ट हो गया है।

चरण 5:– निर्धारित शुल्क जमा करें।

चरण 6:– सभी दस्तावेज सहित आवेदन बोर्ड कार्यालय में जमा करें।

चरण 7:– बोर्ड द्वारा जांच के पश्चात् प्रतिलिपि प्रमाण पत्र जारी किया जायेगा।

आवश्यक दस्तावेज:–

(1) FIR की प्रति:– यदि प्रमाण पत्र चोरी हुआ हो या खो गया हो तो स्थानीय पुलिस थाने में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करानी होगी।

(2) समाचार पत्र में विज्ञापन:– स्थानीय समाचार पत्र में विज्ञापन देना होगा। विज्ञापन की कटिंग आवेदन के साथ संलग्न करनी होगी।

(3) शपथ पत्र:– रु. 10/- के नॉन-ज्यूडिशियल स्टाम्प पेपर पर शपथ पत्र देना होगा कि मूल प्रमाण पत्र खो गया/नष्ट हो गया है।

(4) पहचान प्रमाण:– आधार कार्ड/वोटर आईडी/पासपोर्ट आदि की प्रति।

(5) पुराने प्रमाण पत्र की फोटो कॉपी:– यदि उपलब्ध हो।

✱ 15.3 प्रतिलिपि प्रमाण पत्र की विशेषताएं :–

प्रतिलिपि प्रमाण पत्र मूल प्रमाण पत्र के समान ही होता है परन्तु इस पर "DUPLICATE" शब्द स्पष्ट रूप से अंकित होता है। प्रतिलिपि प्रमाण पत्र भी मूल प्रमाण पत्र की तरह ही मान्य होता है और सभी उद्देश्यों के लिए उपयोग किया जा सकता है।

प्रतिलिपि प्रमाण पत्र में अंकित जानकारी:–

(1) "DUPLICATE" शब्द स्पष्ट रूप से मुद्रित होगा।

(2) प्रतिलिपि जारी करने की तिथि अंकित होगी।

(3) मूल प्रमाण पत्र का क्रमांक वही रहेगा।

(4) सभी परीक्षा विवरण मूल प्रमाण पत्र के समान होंगे।

(5) बोर्ड की मुहर एवं अधिकृत हस्ताक्षर होंगे।

✱ 15.4 प्रतिलिपि जारी होने के बाद मूल प्रमाण पत्र :–

एक बार प्रतिलिपि प्रमाण पत्र जारी हो जाने के बाद मूल प्रमाण पत्र स्वतः निरस्त मान लिया जाता है। यदि बाद में मूल प्रमाण पत्र मिल भी जाये तो उसका उपयोग नहीं किया जा सकता। केवल प्रतिलिपि प्रमाण पत्र ही मान्य होगा।

महत्त्वपूर्ण चेतावनी:–

(1) यदि मूल प्रमाण पत्र बाद में मिल जाये तो उसे बोर्ड में जमा करना होगा।

(2) मूल एवं प्रतिलिपि दोनों प्रमाण पत्रों का एक साथ उपयोग अपराध है।

(3) झूठी जानकारी देकर प्रतिलिपि प्राप्त करना दंडनीय अपराध है।

(4) प्रतिलिपि केवल एक बार ही जारी की जा सकती है।

✱ 15.5 प्रतिलिपि प्रमाण पत्र शुल्क :–

प्रतिलिपि प्रमाण पत्र/अंकतालिका जारी करने के लिए बोर्ड द्वारा निर्धारित शुल्क देना होगा। वर्तमान शुल्क की जानकारी बोर्ड की वेबसाइट से प्राप्त की जा सकती है। प्रत्येक प्रमाण पत्र/अंकतालिका के लिए अलग-अलग शुल्क देना होगा।

अनुदेशिका –2020 XXI

✱ 15.6 प्रतिलिपि प्रमाण पत्र प्राप्त करने में समय :–

सामान्यतः प्रतिलिपि प्रमाण पत्र जारी करने में 30 से 45 दिन का समय लगता है। यदि किसी प्रकार की जांच-पड़ताल आवश्यक हो तो अधिक समय भी लग सकता है। विद्यार्थियों को चाहिए कि यदि उन्हें किसी प्रवेश या नौकरी के लिए प्रमाण पत्र की आवश्यकता हो तो पर्याप्त समय पहले आवेदन करें।

16. अतिरिक्त अंकतालिका (Additional Mark Sheet) :–

✱ 16.1 अतिरिक्त अंकतालिका कब जारी की जाती है :–

यदि किसी विद्यार्थी को अपनी मूल अंकतालिका के अतिरिक्त और प्रतियां चाहिए तो बोर्ड द्वारा अतिरिक्त अंकतालिका (Additional Mark Sheet) जारी की जा सकती है। यह सुविधा उन विद्यार्थियों के लिए है जिन्हें विभिन्न प्रवेश परीक्षाओं या नौकरियों के लिए एक से अधिक अंकतालिका की आवश्यकता होती है।

अतिरिक्त अंकतालिका की विशेषताएं:–

(1) मूल अंकतालिका के समान ही होती है।

(2) इस पर "DUPLICATE" शब्द अंकित नहीं होता।

(3) सभी उद्देश्यों के लिए मान्य होती है।

(4) एक से अधिक प्रतियां प्राप्त की जा सकती हैं।

(5) मूल अंकतालिका निरस्त नहीं होती।

✱ 16.2 अतिरिक्त अंकतालिका प्राप्त करने की प्रक्रिया :–

• निर्धारित प्रपत्र में आवेदन करें।

• मूल अंकतालिका की फोटो कॉपी संलग्न करें।

• निर्धारित शुल्क जमा करें।

• आवेदन बोर्ड कार्यालय में जमा करें।

• बोर्ड द्वारा अतिरिक्त अंकतालिका जारी की जायेगी।

17. प्रमाण पत्रों का सत्यापन (Verification of Certificates) :–

✱ 17.1 सत्यापन की आवश्यकता :–

कई बार विद्यार्थियों को अपने प्रमाण पत्रों का सत्यापन (Verification) कराने की आवश्यकता होती है। यह विशेष रूप से विदेश में प्रवेश या नौकरी के लिए आवश्यक होता है। बोर्ड द्वारा प्रमाण पत्रों का सत्यापन किया जा सकता है।

✱ 17.2 सत्यापन की प्रक्रिया :–

सत्यापन के लिए विद्यार्थी को निर्धारित प्रपत्र में आवेदन करना होगा। प्रमाण पत्रों की फोटो कॉपी संलग्न करनी होगी। निर्धारित शुल्क जमा करना होगा। बोर्ड द्वारा जांच के पश्चात् सत्यापन प्रमाण पत्र (Verification Certificate) जारी किया जायेगा।

सत्यापन प्रमाण पत्र में दी जाने वाली जानकारी:–

(1) विद्यार्थी का नाम, पिता का नाम, माता का नाम।

(2) परीक्षा का नाम एवं वर्ष।

(3) उत्तीर्ण/अनुत्तीर्ण की स्थिति।

(4) प्राप्तांक एवं श्रेणी।

(5) अंकतालिका/प्रमाण पत्र क्रमांक।

(6) बोर्ड की मुहर एवं अधिकृत हस्ताक्षर।

✱ 17.3 सत्यापन शुल्क :–

सत्यापन के लिए बोर्ड द्वारा निर्धारित शुल्क देना होगा। वर्तमान शुल्क की जानकारी बोर्ड की वेबसाइट से प्राप्त की जा सकती है।

18. प्रमाण पत्रों से सम्बन्धित सामान्य निर्देश :–

(1) प्रमाण पत्रों को सुरक्षित रखें और उनका दुरुपयोग न होने दें।

(2) प्रमाण पत्रों में कोई छेड़छाड़ न करें, यह दंडनीय अपराध है।

(3) नकली प्रमाण पत्र बनाना या उपयोग करना गंभीर अपराध है।

(4) प्रमाण पत्रों की फोटो कॉपी प्रमाणित करवा कर रखें।

(5) यदि प्रमाण पत्र में कोई त्रुटि हो तो तुरंत बोर्ड को सूचित करें।

(6) प्रमाण पत्र किसी को भी उधार न दें।

(7) प्रमाण पत्रों का उपयोग केवल वैध उद्देश्यों के लिए करें।

अंतिम चेतावनी

प्रमाण पत्रों में छेड़छाड़, नकली प्रमाण पत्र बनाना, या गलत जानकारी देकर प्रमाण पत्र प्राप्त करना दंडनीय अपराध है। ऐसे मामलों में कानूनी कार्यवाही की जायेगी और दोषी को कठोर सजा हो सकती है। इसके साथ ही बोर्ड की सभी परीक्षाओं से प्रतिबंधित किया जा सकता है।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 8 (Pages 22-23)

अनुदेशिका –2020 XXII

19. शपथ पत्र का प्रारूप (Affidavit Format) :–

विभिन्न प्रकार के संशोधन एवं प्रमाण पत्रों के लिए शपथ पत्र की आवश्यकता होती है। नीचे शपथ पत्र का मानक प्रारूप दिया गया है :–

शपथ पत्र

मैं ________________________________ पुत्र/पुत्री श्री ________________________________ निवासी ________________________________ ________________________________ जिला ________________________________ राजस्थान, शपथ पूर्वक कथन करता/करती हूं कि :–

1. मैंने माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान, अजमेर की ________________________________ परीक्षा वर्ष __________ में अनुक्रमांक ________________ से उत्तीर्ण की थी।

2. उक्त परीक्षा में मेरा नाम/पिता का नाम/माता का नाम/जन्मतिथि ________________________________ अंकित है जो कि गलत है।

3. मेरा सही नाम/पिता का नाम/माता का नाम/जन्मतिथि ________________________________ है जो कि मेरे जन्म प्रमाण पत्र/शाला अभिलेख में अंकित है।

4. उक्त त्रुटि ________________________________ के कारण हुई है।

5. मेरे द्वारा दी गई उपरोक्त समस्त जानकारी सत्य है। यदि कोई भी जानकारी असत्य पायी जाती है तो मैं कानूनी कार्यवाही के लिए उत्तरदायी रहूंगा/रहूंगी।

6. यह संशोधन किसी अनुचित लाभ प्राप्त करने के लिए नहीं है।

शपथकर्ता के हस्ताक्षर

नाम : ________________________________

पता : ________________________________


सत्यापन :

उपरोक्त शपथ पत्र मेरे समक्ष ________________________________ स्थान पर दिनांक __________ को शपथ लिया गया तथा शपथकर्ता द्वारा हस्ताक्षर किये गये।

नोटरी/न्यायिक मजिस्ट्रेट के हस्ताक्षर

मुहर

शपथ पत्र के लिए आवश्यक बातें:–

(1) शपथ पत्र रु. 10/- के नॉन-ज्यूडिशियल स्टाम्प पेपर पर होना चाहिए।

(2) शपथ पत्र नोटरी या प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष शपथ लिया हुआ होना चाहिए।

(3) यदि शपथकर्ता अवयस्क है तो माता-पिता/अभिभावक द्वारा शपथ पत्र दिया जाना चाहिए।

(4) शपथ पत्र में दी गई जानकारी स्पष्ट एवं सत्य होनी चाहिए।

20. स्थानान्तरण प्रमाण पत्र का प्रारूप (Transfer Certificate Format) :–

शाला प्रधान द्वारा जारी किये जाने वाले स्थानान्तरण प्रमाण पत्र का मानक प्रारूप निम्नानुसार है :–

स्थानान्तरण प्रमाण पत्र

(Transfer Certificate)

1. विद्यार्थी का नाम : ________________________________
2. पिता का नाम : ________________________________
3. माता का नाम : ________________________________
4. जन्म तिथि (शब्दों में) : ________________________________
5. जन्म तिथि (अंकों में) : ________/________/________
6. जाति : ________________________________
7. राष्ट्रीयता : ________________________________
8. प्रवेश की तिथि : ________/________/________
9. प्रवेश के समय कक्षा : ________________________________
10. वर्तमान कक्षा/वर्ग : ________________________________
11. विषय : ________________________________
12. कुल उपस्थिति : __________ में से __________
13. वार्षिक परीक्षा परिणाम : ________________________________
14. शाला छोड़ने की तिथि : ________/________/________
15. शाला छोड़ने का कारण : ________________________________
16. आचरण : ________________________________
17. शुल्क बकाया : ________________________________
18. अन्य टिप्पणी : ________________________________

शाला का पूरा पता : ________________________________

क्रमांक : __________ दिनांक : ________/________/________

शाला प्रधान के हस्ताक्षर

नाम : ________________________________

पदनाम : ________________________________

मुहर

अनुदेशिका –2020 XXIII

स्थानान्तरण प्रमाण पत्र जारी करते समय ध्यान देने योग्य बातें:–

(1) जन्मतिथि अंकों एवं शब्दों दोनों में स्पष्ट लिखें।

(2) सभी प्रविष्टियाँ शाला रजिस्टर के अनुसार ही करें।

(3) कोई भी प्रविष्टि खाली न छोड़ें, यदि लागू नहीं हो तो "लागू नहीं" लिखें।

(4) काटपीट या अस्पष्ट लेखन न हो।

(5) शाला की मुहर एवं प्रधान के हस्ताक्षर स्पष्ट होने चाहिए।

21. चरित्र प्रमाण पत्र का प्रारूप (Character Certificate Format) :–

चरित्र प्रमाण पत्र

(Character Certificate)

प्रमाणित किया जाता है कि श्री/कुमारी ________________________________ पुत्र/पुत्री श्री ________________________________ निवासी ________________________________ ने दिनांक ________/________/________ से दिनांक ________/________/________ तक इस विद्यालय में कक्षा __________ में नियमित अध्ययन किया है।

अपने अध्ययन काल में उनका आचरण एवं चरित्र अच्छा/संतोषजनक रहा है। वे अनुशासनप्रिय, मेहनती एवं ईमानदार विद्यार्थी हैं।

मैं उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करता/करती हूं।

शाला का पूरा पता : ________________________________

दिनांक : ________/________/________

शाला प्रधान के हस्ताक्षर

नाम : ________________________________

मुहर

22. अध्ययन प्रमाण पत्र का प्रारूप (Study Certificate Format) :–

अध्ययन प्रमाण पत्र

(Study Certificate)

प्रमाणित किया जाता है कि श्री/कुमारी ________________________________ पुत्र/पुत्री श्री ________________________________ निवासी ________________________________ ने सत्र __________ से सत्र __________ तक इस विद्यालय में कक्षा __________ में नियमित अध्ययन किया है।

यह प्रमाण पत्र विद्यार्थी के अनुरोध पर जारी किया गया है।

विद्यार्थी का नाम : ________________________________
पिता का नाम : ________________________________
कक्षा/वर्ग : ________________________________
अध्ययन अवधि : __________ से __________ तक
अनुक्रमांक : ________________________________

शाला का पूरा पता : ________________________________

दिनांक : ________/________/________

शाला प्रधान के हस्ताक्षर

नाम : ________________________________

मुहर

प्रमाण पत्र जारी करते समय सामान्य निर्देश:–

(1) सभी प्रमाण पत्र शाला के लेटर हेड पर जारी किये जाने चाहिए।

(2) प्रमाण पत्रों में दी गई जानकारी शाला रजिस्टर के अनुसार होनी चाहिए।

(3) प्रमाण पत्र पर शाला की मुहर एवं प्रधान के हस्ताक्षर अनिवार्य हैं।

(4) प्रमाण पत्र की एक प्रति शाला में संरक्षित रखी जानी चाहिए।

(5) प्रमाण पत्र जारी करने का रजिस्टर अलग से रखा जाना चाहिए।

महत्त्वपूर्ण सूचना

उपरोक्त प्रारूप केवल संदर्भ के लिए हैं। शाला अपनी आवश्यकतानुसार इनमें उचित परिवर्तन कर सकती है। परन्तु यह सुनिश्चित करना आवश्यक है कि सभी आवश्यक जानकारी प्रमाण पत्र में सम्मिलित हो। किसी भी प्रकार की त्रुटि या गलत जानकारी के लिए शाला प्रधान उत्तरदायी होंगे।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 9 (Pages 24-37)

अनुदेशिका –2020 XXIV

23. अन्य बोर्डों/विश्वविद्यालयों की समकक्ष परीक्षाएं

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान द्वारा निम्नलिखित बोर्डों/विश्वविद्यालयों की परीक्षाओं को समकक्ष माना गया है। यह सूची समय-समय पर अद्यतन की जाती है। विद्यार्थियों को चाहिए कि वे नवीनतम जानकारी के लिए बोर्ड की वेबसाइट देखें अथवा बोर्ड कार्यालय से सम्पर्क करें।

समकक्षता के लिए आवश्यक शर्तें:–

(1) परीक्षा मान्यता प्राप्त बोर्ड/विश्वविद्यालय से उत्तीर्ण होनी चाहिए।

(2) परीक्षा 10 वर्षीय या 12 वर्षीय पाठ्यक्रम की होनी चाहिए।

(3) प्रत्येक विषय में न्यूनतम 33% अंक प्राप्त होने चाहिए।

(4) अंग्रेजी विषय उच्च माध्यमिक में प्रवेश के लिए आवश्यक है।

माध्यमिक परीक्षा (10वीं कक्षा) के समकक्ष परीक्षाएं

केन्द्रीय बोर्ड:
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Central Board of Secondary Education (CBSE), New Delhi Secondary Examination
Council for the Indian School Certificate Examination (CISCE), New Delhi Indian Certificate of Secondary Education (ICSE)
National Institute of Open Schooling (NIOS), Noida Secondary Examination
राज्य बोर्ड (क्षेत्रानुसार):
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Andhra Pradesh Board of Secondary Education, Hyderabad Secondary School Certificate Examination
Board of Secondary Education, Assam, Guwahati High School Leaving Certificate Examination
Bihar School Examination Board, Patna Secondary Examination (Matric)
Chhattisgarh Board of Secondary Education, Raipur High School Certificate Examination
Board of Secondary Education, Delhi Secondary School Examination
Goa Board of Secondary & Higher Secondary Education Secondary School Certificate Examination
Gujarat Secondary & Higher Secondary Education Board, Gandhinagar Secondary School Certificate Examination
Haryana Board of School Education, Bhiwani Secondary Examination
Himachal Pradesh Board of School Education, Dharamshala Matriculation Examination

अनुदेशिका –2020 XXV-XXVI

बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Jharkhand Academic Council, Ranchi Matriculation Examination
Karnataka Secondary Education Examination Board, Bangalore Secondary School Leaving Certificate Examination
Kerala Board of Public Examinations, Thiruvananthapuram Secondary School Leaving Certificate Examination
Madhya Pradesh Board of Secondary Education, Bhopal High School Certificate Examination
Maharashtra State Board of Secondary & Higher Secondary Education, Pune Secondary School Certificate Examination
Board of Secondary Education, Manipur, Imphal High School Leaving Certificate Examination
Meghalaya Board of School Education, Shillong Secondary School Leaving Certificate Examination
Board of School Education, Mizoram, Aizawl High School Leaving Certificate Examination
Nagaland Board of School Education, Kohima High School Leaving Certificate Examination
Board of Secondary Education, Odisha, Cuttack High School Certificate Examination
Punjab School Education Board, Mohali Secondary School Examination
Tamil Nadu Board of Secondary Education, Chennai Secondary School Leaving Certificate Examination
Board of Secondary Education, Telangana, Hyderabad Secondary School Certificate Examination
Tripura Board of Secondary Education, Agartala Madhyamik Pariksha
Uttar Pradesh Madhyamik Shiksha Parishad, Prayagraj High School Examination
Uttarakhand Board of School Education, Ramnagar High School Examination
West Bengal Board of Secondary Education, Kolkata Madhyamik Pariksha
Jammu & Kashmir State Board of School Education, Srinagar/Jammu Secondary School Certificate Examination
केन्द्र शासित प्रदेश बोर्ड:
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Chandigarh Board of School Education Secondary School Examination
Andaman & Nicobar Board of Secondary Education, Port Blair Secondary School Certificate Examination

अनुदेशिका –2020 XXVII-XXVIII

अंतर्राष्ट्रीय बोर्ड:
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Cambridge International Examinations (CIE), UK IGCSE (International General Certificate of Secondary Education)
International Baccalaureate Organization (IBO), Geneva IB Middle Years Programme (MYP)
Edexcel (Pearson), UK International GCSE
संस्कृत बोर्ड/संस्थान:
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Rashtriya Sanskrit Sansthan (Deemed University), New Delhi Poorva Madhyama Examination
Bihar Sanskrit Shiksha Board, Patna Poorva Madhyama Examination
Sampurnanand Sanskrit Vishwavidyalaya, Varanasi Poorva Madhyama Examination (वर्ष 2001 तक)
Kameshwar Singh Darbhanga Sanskrit Vishwavidyalaya, Darbhanga Poorva Madhyama Examination

उच्च माध्यमिक परीक्षा (12वीं कक्षा) के समकक्ष परीक्षाएं

केन्द्रीय बोर्ड:
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Central Board of Secondary Education (CBSE), New Delhi Senior Secondary Examination
Council for the Indian School Certificate Examination (CISCE), New Delhi Indian School Certificate (ISC)
National Institute of Open Schooling (NIOS), Noida Senior Secondary Examination
राज्य बोर्ड:
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Board of Intermediate Education, Andhra Pradesh Intermediate Examination
Assam Higher Secondary Education Council, Guwahati Higher Secondary Examination
Bihar School Examination Board, Patna Intermediate Examination
Chhattisgarh Board of Secondary Education, Raipur Higher Secondary Examination
Goa Board of Secondary & Higher Secondary Education Higher Secondary School Certificate Examination
Gujarat Secondary & Higher Secondary Education Board, Gandhinagar Higher Secondary School Certificate Examination

अनुदेशिका –2020 XXIX-XXX

बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Haryana Board of School Education, Bhiwani Senior Secondary Examination
Himachal Pradesh Board of School Education, Dharamshala Plus Two Examination
Jharkhand Academic Council, Ranchi Intermediate Examination
Karnataka Pre-University Education Board, Bangalore Pre-University Course (PUC) Examination
Kerala Board of Higher Secondary Examinations, Thiruvananthapuram Higher Secondary Examination
Madhya Pradesh Board of Secondary Education, Bhopal Higher Secondary School Certificate Examination
Maharashtra State Board of Secondary & Higher Secondary Education, Pune Higher Secondary Certificate Examination
Council of Higher Secondary Education, Manipur, Imphal Higher Secondary Examination
Meghalaya Board of School Education, Shillong Higher Secondary School Leaving Certificate Examination
Mizoram Board of School Education, Aizawl Higher Secondary School Leaving Certificate Examination
Nagaland Board of School Education, Kohima Higher Secondary School Leaving Certificate Examination
Council of Higher Secondary Education, Odisha, Bhubaneswar Higher Secondary Examination
Punjab School Education Board, Mohali Senior Secondary Examination
Board of Higher Secondary Education, Tamil Nadu, Chennai Higher Secondary Examination
Board of Intermediate Education, Telangana, Hyderabad Intermediate Examination
Tripura Board of Secondary Education, Agartala Higher Secondary Examination
Uttar Pradesh Madhyamik Shiksha Parishad, Prayagraj Intermediate Examination
Uttarakhand Board of School Education, Ramnagar Intermediate Examination
West Bengal Council of Higher Secondary Education, Kolkata Higher Secondary Examination
Jammu & Kashmir State Board of School Education Higher Secondary School Certificate Examination

अनुदेशिका –2020 XXXI-XXXII

अंतर्राष्ट्रीय बोर्ड (उच्च माध्यमिक स्तर):
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Cambridge International Examinations (CIE), UK A Level (Advanced Level)
International Baccalaureate Organization (IBO), Geneva IB Diploma Programme
Edexcel (Pearson), UK International Advanced Level (IAL)
संस्कृत बोर्ड/संस्थान (उच्च माध्यमिक स्तर):
बोर्ड/संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Rashtriya Sanskrit Sansthan (Deemed University), New Delhi Uttara Madhyama Examination
Bihar Sanskrit Shiksha Board, Patna Uttara Madhyama Examination
Sampurnanand Sanskrit Vishwavidyalaya, Varanasi Uttara Madhyama Examination (वर्ष 2001 तक)
Kameshwar Singh Darbhanga Sanskrit Vishwavidyalaya, Darbhanga Uttara Madhyama Examination

महत्त्वपूर्ण सूचना:–

(1) यह सूची केवल संदर्भ के लिए है। किसी भी बोर्ड/परीक्षा की समकक्षता के लिए अंतिम निर्णय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान द्वारा लिया जायेगा।

(2) जो बोर्ड/परीक्षा इस सूची में नहीं है, उसके लिए पात्रता प्रमाण पत्र लेना आवश्यक है।

(3) विदेशी बोर्डों की परीक्षाओं के लिए विशेष नियम लागू होते हैं।

(4) नवीनतम जानकारी के लिए बोर्ड की वेबसाइट देखें।

विशेष परीक्षाएं और संस्थान

रक्षा संस्थान:
संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Army School, various locations माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (CBSE affiliated)
Air Force School, various locations माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (CBSE affiliated)
Navy Children School, various locations माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (CBSE affiliated)
Sainik School, various locations माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (CBSE affiliated)
Rashtriya Indian Military College, Dehradun माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (CBSE affiliated)

अनुदेशिका –2020 XXXIII-XXXIV

केन्द्रीय विद्यालय एवं नवोदय:
संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Kendriya Vidyalaya Sangathan (KVS) माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (CBSE affiliated)
Jawahar Navodaya Vidyalaya (JNV) माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (CBSE affiliated)
धार्मिक संस्थान:
संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
Madrasa Board, various states अलीम/कामिल परीक्षा (शर्तों के अधीन)
Uttarakhand Sanskrit Shiksha Parishad पूर्व मध्यमा/उत्तर मध्यमा
विदेशी बोर्ड (प्रमुख देश):
देश/बोर्ड समकक्ष परीक्षा
Nepal - Higher Secondary Education Board (HSEB) माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा
Bhutan - Bhutan Board of Examinations माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा
Bangladesh - Board of Intermediate and Secondary Education SSC/HSC Examination
Sri Lanka - Department of Examinations O Level/A Level
Pakistan - Board of Intermediate and Secondary Education Matric/Intermediate Examination
United Kingdom - Various Boards GCSE/A Level
United States of America High School Diploma (12 years schooling)
Canada - Provincial Boards High School Diploma
Australia - State Boards Year 10/Year 12 Certificate
Gulf Countries (UAE, Saudi Arabia, etc.) Secondary/Higher Secondary Certificate

विदेशी बोर्ड से उत्तीर्ण विद्यार्थियों के लिए विशेष नियम:–

(1) प्रमाण पत्रों का सत्यापन भारतीय दूतावास/उच्चायोग से कराना होगा।

(2) विदेश मंत्रालय, भारत सरकार से समकक्षता प्रमाण पत्र लेना होगा।

(3) राजस्थान के मूल निवासी होने का प्रमाण देना होगा।

(4) बोर्ड द्वारा पात्रता प्रमाण पत्र जारी किया जायेगा।

अनुदेशिका –2020 XXXV-XXXVI

व्यावसायिक पाठ्यक्रम (Vocational Courses):
बोर्ड/संस्था का नाम व्यावसायिक पाठ्यक्रम
CBSE - Vocational Courses माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (व्यावसायिक विषयों सहित)
State Boards - Vocational Stream व्यावसायिक विषयों के साथ माध्यमिक/उच्च माध्यमिक
Industrial Training Institutes (ITI) ITI Certificate (विशेष शर्तों के साथ)
मुक्त एवं दूरस्थ शिक्षा:
संस्था का नाम समकक्ष परीक्षा
National Institute of Open Schooling (NIOS) माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (मुक्त शिक्षा)
Rajasthan State Open School (RSOS), Jaipur माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (मुक्त शिक्षा)
Madhya Pradesh State Open School माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (मुक्त शिक्षा)
Uttar Pradesh Rajarshi Tandon Open University माध्यमिक/उच्च माध्यमिक (मुक्त शिक्षा)

मुक्त शिक्षा परीक्षाओं के लिए विशेष शर्तें:–

(1) परीक्षा मान्यता प्राप्त Open School से उत्तीर्ण होनी चाहिए।

(2) सभी आवश्यक विषयों में न्यूनतम अंक प्राप्त होने चाहिए।

(3) पात्रता प्रमाण पत्र की आवश्यकता हो सकती है।

समकक्षता के लिए आवेदन प्रक्रिया:

चरण 1: यह सुनिश्चित करें कि आपका बोर्ड/परीक्षा इस सूची में है या नहीं।

चरण 2: यदि सूची में नहीं है तो पात्रता प्रमाण पत्र के लिए आवेदन करें।

चरण 3: सभी आवश्यक दस्तावेज तैयार करें:
• मूल अंकतालिका एवं प्रमाण पत्र की प्रमाणित प्रति
• शाला/बोर्ड का विवरण
• मूल निवास प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
• अन्य आवश्यक प्रलेख

चरण 4: निर्धारित शुल्क जमा करें।

चरण 5: जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) के कार्यालय में आवेदन जमा करें।

चरण 6: बोर्ड द्वारा जांच के पश्चात् पात्रता प्रमाण पत्र जारी किया जायेगा।

अनुदेशिका –2020 XXXVII

अत्यंत महत्त्वपूर्ण चेतावनी

(1) इस सूची में शामिल होने का अर्थ स्वतः समकक्षता नहीं है। प्रत्येक मामले में व्यक्तिगत जांच की जायेगी।

(2) झूठे/नकली प्रमाण पत्रों के आधार पर समकक्षता लेना दंडनीय अपराध है।

(3) बोर्ड को किसी भी समय समकक्षता रद्द करने का अधिकार है।

(4) विद्यार्थियों को चाहिए कि वे केवल मान्यता प्राप्त संस्थानों से परीक्षा उत्तीर्ण करें।

सूची में परिवर्तन:

यह सूची समय-समय पर अद्यतन की जाती है। नये बोर्ड/परीक्षाएं जोड़ी जा सकती हैं या पुरानी हटाई जा सकती हैं। विद्यार्थियों को सलाह दी जाती है कि वे प्रवेश लेने से पूर्व बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट (www.rajeduboard.rajasthan.gov.in) पर नवीनतम सूची अवश्य देखें।

सम्पर्क जानकारी:

समकक्षता सम्बन्धी किसी भी प्रश्न के लिए सम्पर्क करें:

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान, अजमेर

परीक्षा द्वितीय अनुभाग (पात्रता प्रमाण पत्र)

राव तुलाराम मार्ग, अजमेर - 305001

फोन: 0145-2627619, 2628677

वेबसाइट: www.rajeduboard.rajasthan.gov.in

अंतिम टिप्पणी

यह सूची केवल सामान्य मार्गदर्शन के लिए है। किसी विशेष मामले में समकक्षता का अंतिम निर्णय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान द्वारा लिया जायेगा। विद्यार्थियों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी प्रवेश या परीक्षा के लिए आवेदन करने से पूर्व उचित जानकारी प्राप्त कर लें और पात्रता प्रमाण पत्र (यदि आवश्यक हो) अवश्य प्राप्त कर लें।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 10 (Pages 38-40)

अनुदेशिका –2020 XXXVIII

24. प्रमाण पत्रों के नमूने एवं फॉर्मेट

इस अध्याय में विभिन्न प्रकार के प्रमाण पत्रों एवं आवेदन पत्रों के मानक फॉर्मेट दिये गये हैं। शाला प्रधान एवं विद्यार्थी इन फॉर्मेट का उपयोग कर सकते हैं।

24.1 पात्रता प्रमाण पत्र आवेदन पत्र का प्रारूप

पात्रता प्रमाण पत्र हेतु आवेदन पत्र

सेवा में,

जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक शिक्षा),
जिला ________________, राजस्थान

विषय: पात्रता प्रमाण पत्र जारी करने हेतु।

महोदय/महोदया,

सविनय निवेदन है कि मैं ________________ पुत्र/पुत्री श्री ________________ निवासी ________________ ने ________________ बोर्ड/विश्वविद्यालय की माध्यमिक/उच्च माध्यमिक परीक्षा वर्ष ________ में उत्तीर्ण की है।

मैं माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान से सम्बद्ध विद्यालय में कक्षा ________ में प्रवेश लेना चाहता/चाहती हूं। अतः आपसे निवेदन है कि मुझे पात्रता प्रमाण पत्र जारी करने की कृपा करें।

संलग्न प्रलेख:

1. अंकतालिका की प्रमाणित प्रति

2. प्रमाण पत्र की प्रमाणित प्रति

3. मूल निवास प्रमाण पत्र

4. शुल्क रसीद

5. अन्य आवश्यक प्रलेख

आवेदक के हस्ताक्षर

नाम: ________________

मोबाइल नं.: ________________

दिनांक: ________________

24.2 संशोधन आवेदन पत्र का प्रारूप

नाम/जन्मतिथि संशोधन हेतु आवेदन पत्र

सेवा में,

सचिव,
माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान, अजमेर

विषय: नाम/पिता का नाम/माता का नाम/जन्मतिथि में संशोधन हेतु।

महोदय,

सविनय निवेदन है कि मैंने बोर्ड की ________________ परीक्षा वर्ष ________ में अनुक्रमांक ________________ से उत्तीर्ण की थी। मेरे प्रमाण पत्र/अंकतालिका में निम्नलिखित त्रुटि है:

विवरण गलत अंकित सही होना चाहिए
नाम/जन्मतिथि/पिता का नाम/माता का नाम ________________ ________________

उक्त त्रुटि के समर्थन में आवश्यक प्रलेख संलग्न हैं। अतः आपसे निवेदन है कि उक्त संशोधन करने की कृपा करें।

संलग्न प्रलेख:

1. मूल प्रमाण पत्र/अंकतालिका

2. जन्म प्रमाण पत्र/शाला प्रमाण पत्र

3. शपथ पत्र

4. शुल्क रसीद

आवेदक के हस्ताक्षर

नाम: ________________

मोबाइल नं.: ________________

दिनांक: ________________

अनुदेशिका –2020 XXXIX

25. आवश्यक सूचनाएं एवं निर्देश

25.1 बोर्ड परीक्षाओं के लिए महत्त्वपूर्ण निर्देश

परीक्षार्थियों के लिए:

(1) परीक्षा केन्द्र पर प्रवेश पत्र अनिवार्य रूप से लाना होगा।

(2) परीक्षा से 30 मिनट पूर्व परीक्षा केन्द्र पर पहुंचें।

(3) मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण परीक्षा हॉल में ले जाना पूर्णतः प्रतिबंधित है।

(4) केवल नीली/काली स्याही का उपयोग करें।

(5) उत्तर पुस्तिका पर अनुक्रमांक सही-सही अंकित करें।

(6) परीक्षा हॉल में अनुशासन बनाये रखें।

25.2 शाला प्रधानों के लिए निर्देश

शाला प्रधान का दायित्व:

(1) विद्यार्थियों की उपस्थिति का सही रिकॉर्ड रखें।

(2) परीक्षा आवेदन पत्र भरते समय विशेष सावधानी बरतें।

(3) सभी प्रविष्टियाँ शाला रजिस्टर से मिलान कर लें।

(4) समय पर परीक्षा शुल्क जमा करें।

(5) प्रायोगिक परीक्षा की समुचित व्यवस्था करें।

(6) बोर्ड के निर्देशों का पालन करें।

25.3 महत्त्वपूर्ण तिथियाँ

ध्यान दें:

महत्त्वपूर्ण तिथियाँ प्रतिवर्ष बदलती हैं। वर्तमान तिथियों की जानकारी के लिए:

• बोर्ड की वेबसाइट देखें: www.rajeduboard.rajasthan.gov.in

• शाला में प्रदर्शित सूचना पट्ट देखें

• बोर्ड कार्यालय से सम्पर्क करें

25.4 परीक्षा शुल्क की जानकारी

परीक्षा शुल्क प्रतिवर्ष संशोधित किया जाता है। वर्तमान शुल्क की जानकारी के लिए बोर्ड की वेबसाइट देखें या शाला प्रधान से सम्पर्क करें। सामान्यतः निम्नलिखित श्रेणियों में शुल्क विभाजित होता है:

• सामान्य वर्ग के विद्यार्थी

• अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थी

• बालिकाएं

• नि:शक्त विद्यार्थी

• स्वयंपाठी परीक्षार्थी

अनुदेशिका –2020 XL

26. सम्पर्क सूत्र एवं उपयोगी जानकारी

26.1 बोर्ड कार्यालय सम्पर्क विवरण

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान

पता: राव तुलाराम मार्ग, अजमेर - 305001, राजस्थान
फोन: 0145-2627619, 2628677, 2420597
फैक्स: 0145-2627029
ईमेल: [email protected]
वेबसाइट: www.rajeduboard.rajasthan.gov.in

26.2 विभिन्न अनुभागों के सम्पर्क नंबर

अनुभाग कार्य सम्पर्क
परीक्षा प्रथम परीक्षा आयोजन 0145-2627619
परीक्षा द्वितीय पात्रता प्रमाण पत्र 0145-2628677
परीक्षा तृतीय परीक्षा परिणाम 0145-2420597
प्रलेख प्रमाण पत्र जारी करना 0145-2627619
मान्यता शाला मान्यता 0145-2628677

26.3 कार्यालय समय

सामान्य दिवस: सोमवार से शुक्रवार

समय: प्रातः 10:00 बजे से सांय 5:00 बजे तक

अवकाश: शनिवार, रविवार एवं राजकीय अवकाश

नोट: परीक्षा के दौरान कार्यालय समय में परिवर्तन हो सकता है।

26.4 ऑनलाइन सेवाएं

बोर्ड द्वारा निम्नलिखित ऑनलाइन सेवाएं उपलब्ध हैं:

• परीक्षा परिणाम देखना

• प्रवेश पत्र डाउनलोड करना

• परीक्षा आवेदन पत्र भरना

• शुल्क जमा करना

• अंकतालिका डाउनलोड करना

• सत्यापन करना

महत्त्वपूर्ण लिंक:

• आधिकारिक वेबसाइट: www.rajeduboard.rajasthan.gov.in

• परिणाम वेबसाइट: rajeduboard.rajasthan.gov.in

अस्वीकरण

इस अनुदेशिका में दी गई जानकारी वर्ष 2020 तक के नियमों के अनुसार है। बोर्ड समय-समय पर नियमों में परिवर्तन कर सकता है। नवीनतम नियमों की जानकारी के लिए बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट देखें या बोर्ड कार्यालय से सम्पर्क करें। किसी भी विवाद की स्थिति में बोर्ड का निर्णय अंतिम एवं मान्य होगा।

RBSE अनुदेशिका 2020 - Part 11 Final (Pages 41-55)

अनुदेशिका –2020 XLI-LV

27. कार्यालय आदेश एवं संशोधन (2020-2024)

इस अध्याय में बोर्ड द्वारा समय-समय पर जारी किये गये महत्त्वपूर्ण कार्यालय आदेशों का संकलन है। ये आदेश विभिन्न नियमों में संशोधन, नई व्यवस्थाओं एवं विशेष परिस्थितियों से सम्बन्धित हैं।

महत्त्वपूर्ण सूचना:

इन कार्यालय आदेशों की प्राथमिकता मुख्य अनुदेशिका के नियमों से अधिक है। यदि किसी कार्यालय आदेश में मुख्य नियमों से भिन्न प्रावधान हो तो कार्यालय आदेश के अनुसार ही कार्यवाही की जायेगी।

27.1 परीक्षा सम्बन्धी कार्यालय आदेश

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2010/सेल–8/716 दिनांक 07.07.2010

विषय: परीक्षा नियमों में संशोधन

आदेश: परीक्षा समिति की बैठक दिनांक 13.05.2010 के प्रस्ताव संख्या 1, 2, 3 एवं 6 की अनुशंसा पर बोर्ड बैठक दिनांक 10.06.2010 की स्वीकृति अनुसार वर्ष 2011 की परीक्षा से निम्नानुसार संशोधन किये गये हैं:

1. कक्षा 9 में अनुत्तीर्ण एवं माध्यमिक परीक्षा में स्वयंपाठी के रूप में अनुत्तीर्ण रहे विद्यार्थी को कक्षा 10 में नियमित प्रवेश दिया जा सकेगा।

2. कक्षा 9 से 12 तक पुनः प्रवेश हेतु अधिकतम आयु सीमा का बन्धन समाप्त किया जाता है।

3. उच्च माध्यमिक परीक्षा में स्वयंपाठी के रूप में अनुत्तीर्ण परीक्षार्थियों को नियमित परीक्षार्थी के रूप में प्रवेश दिया जा सकेगा।

4. नियमित परीक्षार्थियों को परीक्षा में प्रविष्ट होने हेतु उपस्थिति में शाला प्रधान को प्रदत्त छूट 15 मीटिंग से बढ़ाकर 25 मीटिंग की गई।

5. विमंदित (Learning Disability) परीक्षार्थियों को राजकीय मेडिकल कॉलेज स्तरीय चिकित्सालय में गठित मेडिकल बोर्ड की अनुशंसा पर अतिरिक्त समय/श्रुत लेखक दिया जाएगा।

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा–I/सेल–8/731 दिनांक 29.08.2011

विषय: प्रवेशिका एवं वरिष्ठ उपाध्याय परीक्षा में प्रवेश सम्बन्धी

आदेश: वर्ष 2012 की परीक्षाओं से निम्नानुसार व्यवस्था की जाती है:

• कक्षा 9 में उत्तीर्ण छात्र प्रवेशिका परीक्षा में प्रवेश योग्य होंगे।

• कक्षा 11 में उत्तीर्ण छात्र वरिष्ठ उपाध्याय परीक्षा में प्रवेश योग्य होंगे।

• प्रवेशिका परीक्षा उत्तीर्ण छात्र माध्यमिक परीक्षा के योग्य होंगे।

• वरिष्ठ उपाध्याय परीक्षा उत्तीर्ण छात्र उच्च माध्यमिक परीक्षा के योग्य होंगे।

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा–I/सेल–8/763 दिनांक 30.08.2011

विषय: राजस्थान राज्य के बाहर कार्यरत शिक्षकों की संतान के प्रवेश सम्बन्धी

आदेश: राजस्थान राज्य के बाहर निजी एवं राजकीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों की संतान को पात्रता प्रमाण पत्र जारी करने के लिए विशेष प्रावधान किये गये हैं। शिक्षक के नियुक्ति आदेश एवं वर्तमान कार्यरत होने के प्रमाण पत्र के आधार पर पात्रता प्रमाण पत्र जारी किया जा सकेगा।

अनुदेशिका –2020 XLI-LV

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2013/सेल–8 दिनांक 27.04.2013

विषय: पूरक परीक्षा में प्राप्तांक जोड़ने सम्बन्धी

आदेश: परीक्षा समिति दिनांक 27.04.2013 के प्रस्ताव संख्या 7 एवं बोर्ड अधिवेशन दिनांक 06.06.2013 के निर्णयानुसार वर्ष 2013 की पूरक परीक्षा से पूरक परीक्षा योग्य घोषित परीक्षार्थियों को पूरक विषय में अर्जित किये गये प्राप्तांक जोड़कर परीक्षा परिणाम तैयार किया जायेगा।

यह व्यवस्था बोर्ड की सैद्धान्तिक व प्रायोगिक दोनों परीक्षाओं के लिये लागू होगी।

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा–I/सेल–8/719 दिनांक 14.12.2015

विषय: शिक्षकों की संतान के प्रवेश सम्बन्धी संशोधन

आदेश: राजस्थान राज्य के बाहर कार्यरत शिक्षकों की संतान को पात्रता प्रमाण पत्र जारी करने के सम्बन्ध में पूर्व के आदेश क्रमांक परीक्षा–I/सेल–8/763 दिनांक 30.08.2011 में संशोधन किया जाता है। अब निम्नलिखित अतिरिक्त शर्तें भी लागू होंगी:

• शिक्षक राजस्थान का मूल निवासी होना चाहिए।

• शिक्षक की नियुक्ति 01.04.2011 से पूर्व हुई होनी चाहिए।

• राज्य सरकार/केन्द्र सरकार के अधीन कार्यरत होना चाहिए।

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2010/1/146 दिनांक 08.11.2016

विषय: मूल निवास प्रमाण पत्र जारी करने सम्बन्धी

आदेश: राजस्थान राज्य के मूल निवासी होने अथवा स्थाई निवासी का प्रमाण पत्र अब राजस्व विभाग द्वारा जारी किया जाता है न कि शिक्षा विभाग द्वारा। पात्रता प्रमाण पत्र के लिए आवेदन करते समय राजस्व विभाग द्वारा जारी मूल निवास/स्थाई निवास प्रमाण पत्र संलग्न करना आवश्यक होगा।

27.2 COVID-19 सम्बन्धी विशेष आदेश (2020-2021)

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2020/विशेष दिनांक 15.06.2020

विषय: COVID-19 महामारी के कारण परीक्षा सम्बन्धी विशेष प्रावधान

आदेश: COVID-19 महामारी की स्थिति को देखते हुए परीक्षा आयोजन में निम्नलिखित विशेष प्रावधान किये गये:

• सामाजिक दूरी बनाये रखने के लिए परीक्षा केन्द्रों की संख्या बढ़ाई गई।

• मास्क पहनना अनिवार्य किया गया।

• प्रति कक्ष में परीक्षार्थियों की संख्या कम की गई।

• स्वास्थ्य परीक्षण की व्यवस्था की गई।

• परीक्षा समय में लचीलापन दिया गया।

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2021/विशेष दिनांक 10.05.2021

विषय: उपस्थिति सम्बन्धी छूट (COVID-19)

आदेश: COVID-19 महामारी के कारण शालाएं बन्द रहने से विद्यार्थियों की उपस्थिति प्रभावित हुई है। अतः शैक्षणिक सत्र 2020-21 के लिए उपस्थिति की अनिवार्यता में छूट दी जाती है। विद्यार्थी ऑनलाइन कक्षाओं में भाग लेकर भी उपस्थिति पूर्ण कर सकते हैं।

अनुदेशिका –2020 XLI-LV

27.3 डिजिटलीकरण सम्बन्धी आदेश (2022-2024)

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2022/डिजिटल दिनांक 05.03.2022

विषय: डिजिटल अंकतालिका एवं प्रमाण पत्र

आदेश: राष्ट्रीय शैक्षिक डिजिटल अवसंरचना (NDEAR) के तहत बोर्ड द्वारा डिजिटल अंकतालिका एवं प्रमाण पत्र जारी करने की व्यवस्था प्रारम्भ की जा रही है। परीक्षार्थी बोर्ड की वेबसाइट से अपनी डिजिटल अंकतालिका डाउनलोड कर सकेंगे। डिजिटल प्रमाण पत्र QR Code युक्त होंगे तथा ऑनलाइन सत्यापित किये जा सकेंगे।

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2023/ऑनलाइन दिनांक 12.01.2023

विषय: ऑनलाइन आवेदन पत्र एवं शुल्क जमा करने की अनिवार्यता

आदेश: वर्ष 2023 की परीक्षाओं से परीक्षा आवेदन पत्र केवल ऑनलाइन ही स्वीकार किये जायेंगे। शुल्क भी ऑनलाइन माध्यम से ही जमा करना होगा। शाला प्रधान विद्यार्थियों के आवेदन पत्र ऑनलाइन भरकर तथा शुल्क ऑनलाइन जमा कर बोर्ड को भेजेंगे।

स्वयंपाठी परीक्षार्थी स्वयं भी बोर्ड की वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2024/AI दिनांक 20.02.2024

विषय: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित मूल्यांकन परीक्षण

आदेश: राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप बोर्ड द्वारा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित मूल्यांकन प्रणाली का परीक्षण किया जा रहा है। कुछ चुनिंदा परीक्षा केन्द्रों में AI आधारित उत्तर पुस्तिका मूल्यांकन का pilot project चलाया जाएगा। इससे मूल्यांकन में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित होगी।

27.4 परीक्षा पैटर्न में बदलाव सम्बन्धी आदेश

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2022/पैटर्न दिनांक 15.08.2022

विषय: नई शिक्षा नीति के अनुरूप परीक्षा पैटर्न में परिवर्तन

आदेश: राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप बोर्ड परीक्षाओं में निम्नलिखित परिवर्तन किये जा रहे हैं:

• कौशल आधारित प्रश्नों का समावेश

• बहुविकल्पीय प्रश्नों की संख्या में वृद्धि

• समग्र मूल्यांकन (Holistic Assessment) की शुरुआत

• आंतरिक मूल्यांकन को अधिक महत्त्व

• प्रोजेक्ट वर्क को प्रोत्साहन

अनुदेशिका –2020 XLI-LV

27.5 छात्रवृत्ति एवं पुरस्कार सम्बन्धी आदेश

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2020/छात्रवृत्ति दिनांक 18.11.2020

विषय: मेधावी छात्रों के लिए विशेष छात्रवृत्ति योजना

आदेश: बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के लिए विशेष छात्रवृत्ति योजना प्रारम्भ की जाती है:

• 90% से अधिक अंक प्राप्त करने पर रु. 10,000/-

• 85% से 90% अंक प्राप्त करने पर रु. 5,000/-

• ग्रामीण क्षेत्र की बालिकाओं के लिए विशेष प्रोत्साहन

27.6 विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों के लिए आदेश

कार्यालय आदेश क्रमांक: परीक्षा/2021/दिव्यांग दिनांक 22.04.2021

विषय: दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए परीक्षा सुविधाएं

आदेश: दिव्यांग अधिकार अधिनियम 2016 के अनुरूप दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए निम्नलिखित सुविधाएं प्रदान की जाती हैं:

• परीक्षा समय में 20 मिनट प्रति घंटा अतिरिक्त समय

• श्रुत लेखक (Scribe) की सुविधा

• बड़े अक्षरों में प्रश्न पत्र

• पृथक परीक्षा कक्ष की व्यवस्था

• सुगम्य परीक्षा केन्द्र

27.7 सामान्य निर्देश

कार्यालय आदेशों के सम्बन्ध में महत्त्वपूर्ण बातें:

(1) सभी कार्यालय आदेश बोर्ड की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं।

(2) नवीनतम आदेशों की जानकारी के लिए नियमित रूप से वेबसाइट देखें।

(3) यदि किसी आदेश में संदेह हो तो बोर्ड कार्यालय से सम्पर्क करें।

(4) प्रत्येक आदेश में दी गई तिथि से वह लागू होता है।

(5) पुराने आदेश स्वतः निरस्त हो जाते हैं जब नया आदेश उसी विषय पर जारी होता है।

अनुदेशिका –2020 LV

समापन

यह अनुदेशिका माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान द्वारा वर्ष 2020 तक संशोधित नियमों का संकलन है। इसमें विद्यार्थियों के प्रवेश, परीक्षा, प्रमाण पत्र, संशोधन आदि सभी महत्त्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई है।

शाला प्रधानों एवं विद्यार्थियों से अनुरोध

शाला प्रधानों एवं विद्यार्थियों से अनुरोध है कि वे इस अनुदेशिका का गहन अध्ययन करें और बोर्ड के नियमों का पालन करें। इससे परीक्षा एवं प्रवेश सम्बन्धी कार्यों में सुगमता रहेगी तथा किसी प्रकार की समस्या नहीं आयेगी।

यदि किसी नियम या प्रक्रिया के सम्बन्ध में कोई संदेह हो तो बोर्ड कार्यालय से सम्पर्क करें। अपनी मान्यताओं या अनुमानों के आधार पर कार्य न करें।

महत्त्वपूर्ण अनुस्मारक

बोर्ड समय-समय पर नियमों में परिवर्तन करता रहता है। यह अनुदेशिका वर्ष 2020 तक के नियमों का संकलन है। नवीनतम नियमों की जानकारी के लिए बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट www.rajeduboard.rajasthan.gov.in अवश्य देखें।

शुभकामनाएं

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान
सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करता है

॥ सरस्वती नमस्तुभ्यं वरदे कामरूपिणि ॥

॥ विद्यारम्भं करिष्यामि सिद्धिर्भवतु मे सदा ॥

माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान, अजमेर

परीक्षा द्वितीय अनुभाग

संस्करण: 2020 (2024 तक संशोधित)

जय माँ सरस्वती

📤 शेयर करें:

💼

सरकारी नौकरी की तैयारी करें!

SSC, Railway, Bank, UPSC के लिए

Visit Now →

💬 टिप्पणियाँ

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

कृपया टिप्पणी करते समय मर्यादित भाषा का प्रयोग करें। किसी भी प्रकार का स्पैम, अपशब्द या प्रमोशनल लिंक हटाया जा सकता है। आपका सुझाव हमारे लिए महत्वपूर्ण है!