राजस्थान सरकार के Finance (Ways & Means) Department द्वारा जारी नवीन सर्कुलर के अनुसार सरकारी कर्मियों की GPF, CPF, Old Pension Scheme (OPS) तथा अन्य समान निधियों में जमा राशि पर 7.1 प्रतिशत प्रतिवर्ष की दर से ब्याज मिलता रहेगा। यह ब्याज दर 01 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक की अवधि के लिए प्रभावी रखी गई है।
यह आदेश राज्य सरकार के उन सभी कर्मचारियों और अंशदाताओं के लिए महत्वपूर्ण है जिनकी बचत भविष्य निधि अथवा समान सरकारी कोषों में जमा रहती है। ब्याज दर स्थिर रहने का अर्थ यह है कि चालू तिमाही के लिए सरकार ने किसी प्रकार की कटौती या वृद्धि नहीं की है और पूर्ववत दर ही लागू रखी है।
- ब्याज दर: 7.1% प्रतिवर्ष
- लागू अवधि: 01 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026
- लागू निधियां: GPF, CPF, OPS तथा अन्य समान फंड
- जारी तिथि: 15 अप्रैल 2026
- जारीकर्ता विभाग: Finance (Ways & Means) Department, Government of Rajasthan
आदेश का आधार और आशय
वित्त विभाग ने अपने समसंख्या वाले पूर्व परिपत्र दिनांक 29.01.2026 के क्रम में यह नया सर्कुलर जारी किया है। इसमें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि General Provident Fund, Old Pension Scheme तथा C.P.F. जैसी अन्य समान निधियों के खातों में उपलब्ध संचयों पर 7.1 प्रतिशत वार्षिक ब्याज देय होगा।
सरल शब्दों में समझें तो यदि किसी सरकारी कर्मचारी के खाते में GPF, CPF या अन्य समान सरकारी बचत निधि में धनराशि जमा है, तो अप्रैल 2026 से जून 2026 तक उस राशि पर ब्याज की गणना 7.1% प्रति वर्ष के आधार पर की जाएगी।
किन निधियों पर लागू रहेगा 7.1% ब्याज?
सर्कुलर में जिन प्रमुख निधियों का उल्लेख किया गया है, वे निम्न प्रकार हैं:
- GPF (General Provident Fund) – सामान्य भविष्य निधि
- CPF (Contributory Provident Fund) – अंशदायी भविष्य निधि
- OPS (Old Pension Scheme) – पुरानी पेंशन योजना से संबंधित निधियां
- अन्य समान फंड – जैसे C.P.F. आदि
इसका अर्थ यह है कि सरकारी सेवा से जुड़े वे कर्मचारी जिनकी कटौतियां इन कोषों में जमा होती हैं, वे इस अवधि के लिए समान ब्याज दर का लाभ प्राप्त करेंगे। ब्याज दर स्थिर रखने से कर्मचारियों की दीर्घकालिक बचत और वित्तीय योजना में निरंतरता बनी रहती है।
सरकारी कर्मचारियों के लिए यह सूचना क्यों महत्वपूर्ण है?
GPF, CPF और समान निधियां सरकारी कर्मचारियों की दीर्घकालिक आर्थिक सुरक्षा का महत्वपूर्ण आधार होती हैं। मासिक वेतन से होने वाली कटौती वर्षों तक इन खातों में जमा होती रहती है और उस पर मिलने वाला ब्याज भविष्य में बड़ी संचित राशि का रूप लेता है। ऐसे में ब्याज दर से जुड़ा हर आदेश कर्मचारियों के लिए सीधा वित्तीय महत्व रखता है।
जब सरकार ब्याज दर को स्थिर रखती है, तो कर्मचारियों को यह भरोसा मिलता है कि उनकी जमा राशि पर अनुमानित प्रतिफल बना रहेगा। विशेष रूप से सेवानिवृत्ति, पारिवारिक सुरक्षा, दीर्घकालिक बचत और सेवा-कालीन वित्तीय योजना के दृष्टिकोण से यह जानकारी उपयोगी होती है।
यदि आप राजस्थान सरकार के कर्मचारी हैं और आपके खाते में GPF, CPF या OPS से संबंधित राशि जमा है, तो 1 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक की अवधि के लिए उस जमा राशि पर 7.1% वार्षिक ब्याज लागू रहेगा। इस तिमाही में सरकार ने ब्याज दर में कोई परिवर्तन नहीं किया है।
आदेश की प्रशासनिक जानकारी
- विभाग: Government of Rajasthan, Finance (Ways & Means) Department
- पत्र क्रमांक: No. F.21(5)FWM/2007/Part-I
- जारी स्थान: Jaipur
- जारी तिथि: 15 April 2026
- हस्ताक्षरकर्ता: Harish Laddha, Joint Secretary to the Govt.
सर्कुलर की प्रति राज्य के विभिन्न प्रमुख प्रशासनिक कार्यालयों, सचिवालय, राजस्थान विधानसभा, राजस्थान उच्च न्यायालय, राजस्थान लोक सेवा आयोग, महालेखाकार, लोकायुक्त सचिवालय, बोर्ड ऑफ रेवेन्यू, विभागाध्यक्षों, ट्रेजरी एवं सब-ट्रेजरी अधिकारियों को सूचना और आवश्यक कार्यवाही के लिए अग्रेषित की गई है। इससे स्पष्ट है कि यह आदेश राज्य स्तर पर व्यापक प्रशासनिक प्रभाव वाला औपचारिक वित्तीय निर्देश है।
ब्याज दर स्थिर रहने का व्यावहारिक प्रभाव
यद्यपि 7.1% ब्याज दर का आदेश सीधे कर्मचारियों की मासिक नकद आय में परिवर्तन नहीं करता, फिर भी यह उनकी संचित निधि की वृद्धि दर को प्रभावित करता है। भविष्य निधि खाते लंबे समय तक संचालित होते हैं और छोटी-सी ब्याज दर का अंतर भी दीर्घकाल में बड़ी राशि का प्रभाव डाल सकता है। इसलिए ब्याज दर का स्थिर रहना कर्मचारियों के लिए एक भरोसेमंद संकेत माना जाता है।
जो कर्मचारी अपनी GPF/CPF स्टेटमेंट, ट्रेजरी रिकॉर्ड या भविष्य निधि बैलेंस की निगरानी करते हैं, उनके लिए यह आदेश विशेष रूप से उपयोगी है। इससे उन्हें यह जानकारी मिलती है कि अप्रैल-जून 2026 तिमाही के लिए उनके खाते पर कौन-सी वार्षिक दर लागू रहेगी।
निष्कर्ष
राजस्थान सरकार के वित्त (Ways & Means) विभाग द्वारा जारी इस सर्कुलर ने यह स्पष्ट कर दिया है कि GPF, CPF, OPS तथा अन्य समान निधियों पर ब्याज दर 7.1 प्रतिशत प्रतिवर्ष ही बनी रहेगी। यह दर 01 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक लागू रहेगी। सरकारी कर्मियों के लिए यह सूचना वित्तीय योजना, भविष्य निधि समझ और दीर्घकालिक बचत के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है।
व्यक्तिगत खाते में वास्तविक ब्याज गणना संबंधित नियमों, जमा राशि, लेखा प्रविष्टियों तथा विभागीय रिकॉर्ड के अनुसार होगी। कर्मचारी अंतिम सत्यापन के लिए अपने संबंधित कार्यालय, ट्रेजरी अथवा आधिकारिक खाते के अभिलेखों का मिलान कर सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
1. राजस्थान में GPF, CPF और OPS जमा राशि पर वर्तमान ब्याज दर कितनी है?
1 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक GPF, CPF, OPS और अन्य समान निधियों पर 7.1 प्रतिशत प्रतिवर्ष ब्याज लागू रहेगा।
2. यह ब्याज दर किस अवधि के लिए लागू की गई है?
यह ब्याज दर 01 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक की अवधि के लिए लागू है।
3. क्या इस बार ब्याज दर में कोई बदलाव किया गया है?
नहीं, इस तिमाही के लिए ब्याज दर 7.1 प्रतिशत ही बरकरार रखी गई है।
4. यह आदेश किन खातों या निधियों पर लागू होगा?
यह आदेश GPF, CPF, Old Pension Scheme से संबंधित निधियों तथा C.P.F. जैसी अन्य समान निधियों पर लागू होगा।
5. यह सर्कुलर किस विभाग ने जारी किया है?
यह सर्कुलर राजस्थान सरकार के Finance (Ways & Means) Department द्वारा जारी किया गया है।


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